पीलीभीत। जिले के परिषदीय स्कूलों में सोमवार से पहली सत्रीय परीक्षा शुरू हुई। तय पाठ्यक्रम के अनुसार तैयार किए गए प्रश्नपत्रों के माध्यम से परीक्षा संपन्न कराई जा रही है। इस दौरान बीएसए और खंड शिक्षा अधिकारियों ने विभिन्न विद्यालयों का दौरा कर परीक्षा की स्थिति का जायजा लिया।
जिले में संचालित 1400 से अधिक परिषदीय विद्यालयों में परीक्षा को लेकर पहले ही दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। तय व्यवस्था के अनुसार कक्षा-वार जुलाई तक के मासिक पाठ्यक्रम से प्रश्न तैयार किए गए हैं। मूल्यांकन कार्य कक्षा अध्यापक व विषय अध्यापक द्वारा किया जाएगा। शिक्षा विभाग के अनुसार परीक्षा का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों के अधिगम स्तर का आकलन करना है। इसके तहत परीक्षा परिणाम के आधार पर कक्षा में कमजोर पाए गए बच्चों के लिए विशेष कक्षाएं चलाई जाएंगी। वहीं उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को विद्यालय स्तर पर प्रोत्साहित किया जाएगा। उत्तर पुस्तिकाओं का संधारण विद्यालय स्तर पर ही होगा और संबंधित जानकारी खंड शिक्षा अधिकारियों को उपलब्ध कराई जाएगी। परीक्षाओं के सुचारु संचालन को लेकर शिक्षकों और बच्चों में उत्साह देखा जा रहा है।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि परीक्षा पूरी गुणवत्ता के साथ कराई जा रही है। परीक्षा परिणाम विद्यालय स्तर पर ही दर्ज किया जाएगा और कंप्यूटर ग्रांट से उपलब्ध कराई गई कॉपियों में अंकित होगा।
सत्र परीक्षा में 80 फीसदी से अधिक बच्चों की उपस्थिति, अधिकारियों ने किया निरीक्षण
बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में आयोजित सत्र परीक्षा में छात्रों की उपस्थिति 80 प्रतिशत से अधिक रही। जिलेभर के स्कूलों में परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार परीक्षा संपन्न कराई गई। खंड शिक्षा अधिकारियों ने विभिन्न ब्लॉकों का भ्रमण कर परीक्षा का निरीक्षण किया। बिलसंडा में शिव शंकर मौर्य और बरखेड़ा में अजय कुमार ने कई विद्यालयों का जायजा लिया।