पुलिस जांच में महिला को गायब करने में नहीं मिला पीड़ित का हाथ, बरेली में एक रिश्तेदार के घर से खोल ली गई विवाहिता
बरखेड़ा। पिपरिया मंडन गांव में एक महिला के लापता होने के मामले में शक के चलते की गई आगजनी की घटना में मुख्य आरोपी पिता-पुत्र को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। चालान करके दोनों को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा गया है।
शनिवार सुबह करीब सात बजे पिपरिया मंडन गांव निवासी भानुप्रताप उर्फ भन्नू और उसके बेटे आकाश ने अनुसूचित जाति के नन्हे लाल के घर में घुसकर आग लगा दी थी। आरोपियों को शक था कि नन्हेलाल ने उनके परिवार की महिला के घर से गायब करने में मदद की है। पीड़ित नन्हेलाल की शिकायत पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करके जांच शुरू कर दी थी।
पुलिस जांच में यह स्पष्ट हुआ कि जिस महिला के लापता होने को लेकर यह बवाल किया गया था। उसका नन्हेलाल या उसके परिवार से कोई संबंध नहीं था। लापता महिला को पुलिस ने शनिवार देर रात बरेली स्थित उसके मायके के एक रिश्तेदार के यहां से खोज लिया। देर रात महिला को नारी निकेतन पहुंचाया गया। रविवार को महिला की इच्छा के अनुसार, उसे सुरक्षित उसकी मां के सुपुर्द कर दिया गया।
आगजनी और दबंगई की घटना को अंजाम देने वाले आरोपी भानुप्रताप उर्फ भन्नु और उसके पुत्र आकाश को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। संवाद