बरखेड़ा चीनी मिल गेट पर अनिश्चितकालीन धरना देते किसान।
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बरखेड़ा। लंबे समय से गन्ने का बकाया भुगतान न करने के विरोध में इलाके के गन्ना किसानों ने किसान मजदूर संगठन के बैनर तले बरखेड़ा चीनी मिल गेट पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। किसान नेता बीएम सिंह भी बुधवार को धरने में शामिल होंगे। उसके बाद किसान आंदोलन तेज होने के आसार हैं।
क्षेत्र की बजाज हिंदुस्तान चीनी मिल ने किसानों के गन्ने का बकाया भुगतान लंबे समय से रोक रखा है। किसानों का आरोप है कि वह हर साल गन्ना किसानों की बड़ी रकम अपने पास रोक लेते हैं। उसका ब्याज अपने निजी हित में खर्च करते हैं। किसान अपना ही बकाया पाने के लिए दर-दर भटकता रहता है। कोरोना महामारी के दौर में किसानों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। त्योहारी सीजन को देखते हुए किसानों ने समय से बकाया भुगतान करने की मांग पहले भी की मगर चीनी मिल संचालकों ने ध्यान नहीं दिया। मंगलवार को क्षेत्र के किसान चीनी मिल गेट पर इकट्ठा हुए और अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। किसान मजदूर संगठन के जिला संयोजक सुभाष चंद्र गंगवार ने आरोप लगाया कि चीनी मिल प्रशासन ने तीन लाख क्विंटल से भी अधिक चीनी की बिक्री कर दी है। उस चीनी की 85 प्रतिशत रकम गन्ना किसानों के खातों में भेजनी चाहिए थी। मगर मिल प्रशासन ने शासन के आदेश को हवा में उड़ा दिया। बरखेड़ा की बजाज चीनी मिल अभी तक गन्ना किसानों का 50 फीसदी भी बकाया नहीं अदा कर सकी है। उन्होंने बताया कि बुधवार को किसान नेता बीएम सिंह भी धरने में शामिल होंगे। पहले दिन धरने में नत्थूलाल गंगवार, बीएल गंगवार, अरविंद शर्मा, नत्थू लाल, चंद्रसेन गंगवार, रामनरेश तिवारी रघुनंदन प्रसाद, किशनलाल समेत कई किसान शामिल रहे।