बजाज चीनी मिल के
अधिकारियों द्वारा चीनी देने से मना करने से गुस्साएं किसानों ने जमकर
हंगामा किया और केन यार्ड के स्टोर रूम की खिड़की के शीशे व कूलर आदि तोड़
डाला। इस पर मिल अधिकारियों को पुलिस बुलानी पड़ी।
चीनी मिल द्वारा
भुगतान न किए जाने पर बीते काफी समय से चीनी रिलीज कराकर किसानों को दी जा
रही है। चीनी मिल जब तक चली तब तक सभी क्षेत्र के किसानों को चीनी दी जा
रही, लेकिन चीनी मिल बंद होने के बाद चीनी मिल चीनी वितरण बंद कर दिया।
सोमवार को बड़ी संख्या में किसान चीनी लेने मिल गेट पर पहुंचे लेकिन मिल
प्रबंधन ने मना दिया।
इससे गुस्साये किसान मिल के जमकर हंगामा किया और केन
यार्ड के स्टोर के खिड़की के शीशे व कूलर तोड़ डाला। किसानों के उग्र होने
से घबराए मिल अधिकारियों ने पुलिस को सूचना दी। इस पर एसओ दलवीर सिंह फोर्स
के साथ मिल पहुंचे। कृषकों की संख्या अधिक होने पर पीएसी भी बुलानी पड़ी।
बाद में मिल प्रबंधन ने चीनी देने को आवेदन जमा किए। कररीब 400 आवेदन जमा
होने पर किसान शांत हुए।
वरिष्ठ केन मैनेजर धर्मेश मेहरोत्रा ने बताया कि
सोमवार को करीब चार सौ फार्म जमा हुये। प्रशासन द्वारा रिलीज की गयी चीनी
किसानो को दे दी। एसडीएम बीसलपुर से और चीनी रिलीज कराई जा रही है। यदि
चीनी रिलीज हो जाती है तो किसानों को वितरण किया जाएगा।