रोडवेज प्रशासन के दावों के बावजूद टनकपुर रूट पर सफर करने वाले यात्रियों का पहला दिन मुश्किलों भरा ही रहा। टनकपुर रूट पर डग्गामारों की बादशाहत कायम रहने से रोडवेज बसों में यात्रियों की संख्या कम ही दिखी। हालांकि रोडवेज प्रशासन सुबह से ही सजग रहा, लेकिन बस स्टैंड पर यात्री सामान्य दिनों के बराबर ही पहुंचे। वहीं डग्गमार वाहन संचालकों ने यात्रियों से जमकर मनमाना किराया वसूला।
पीलीभीत-टनकपुर रेल मार्ग आमान परिवर्तन कार्य शुरू होने के चलते गुरुवार से बंद कर दिया गया। गुरुवार को सीतापुर और शाहजहांपुर रूट से आने वाले रेल यात्री रेलवे स्टेशन पहुंचकर थम गए। इन यात्रियों को टनकपुर और बरेली समेत आगे की यात्रा करने के लिए रोडवेज बस स्टैंड समेत हाइवे के प्रमुख चौराहा तक दौड़ लगानी पड़ी। इसका फायदा रेलवे स्टेशन के बाहर खड़े ई-रिक्शा व रिक्शा वालों ने जमकर उठाया। बस स्टैंड तक पहुंचाने के नाम पर मनमाना किराया वसूला गया।
रोडवेज बसों पर भारी पड़े डग्गामार वाहन
परिवहन विभाग ने 16 जून से टनकपुर रूट पर करीब 40 अतिरिक्त बसें चलाने की तैयारी कर रखी थी। बुधवार सुबह एआरएम एसके वर्मा ने पहुंचकर सभी व्यवस्थाओं का जायजा भी लिया था। हर आधे घंटे पर बसों को टनकपुर रूट पर उतारने की तैयारी कर ली गई थी, लेकिन डग्गामार वाहनों के चलते उनकी तैयारियां धरी रह गईं। स्टेशन से यात्रियों के बाहर आने के बाद से ही बाहर खड़े डग्गामार वाहन के चालक यात्रियों को गंतव्य तक पहुंचाने के लिए यात्रियों से खींच तान करने लगते। यात्रियों ने भी स्टेशन से रोडवेज बस स्टैंड तक रिक्शे आदि से जाने के झंझट से बचने के लिए डग्गामार वाहनों पर ही सवार हो गंतव्य तक जाना बेहतर समझा। इसके चलते रोडवेज बस स्टैंड पर यात्रियों की संख्या में कोई खास वृद्धि नहीं हुई।
बरेली रूट जाम होने से न बसें पहुंची, न यात्री
बरेली रूट पर बुधवार सुबह हाफिजगंज के समीप एक ट्रक फंसने से जाम लग गया। जाम में फंसे कुछ वाहन तो सेंथल होकर यहां पहुंच गए, लेकिन रोडवेज बसों समेत अधिकांश वाहन शाम तीन बजे के बाद भी जाम में ही फंसे रहे। ऐसे में टनकपुर रूट पर रूहेलखंड व बरेली डिपो द्वारा बढ़ाई गई अतिरिक्त बसें यहां शाम तक नहीं पहुंच सकीं।
मुसीबतों से जूझते गंतव्य तक पहुंचे यात्री
टनकपुर रूट पर यात्रा करने वाले दैनिक व सामान्य यात्रियों के अलावा पूर्णागिरि मेला जाने वाले यात्रियों को खासी परेशानी उठानी पड़ी। इनमें कुछ यात्रियों ने रोडवेज बसों में मंहगा सफर तय किया, वहीं अधिकांश यात्री डग्गामार वाहनों के सहारे अपने गंतव्य तक पहुंच सके।
टनकपुर रूट पर अतिरिक्त बसें लगा दी गई हैं, लेकिन गुरुवार को यात्रियों की संख्या अधिक नहीं रही। इस रूट पर डग्गामार वाहन बहुत अधिक चले हैं। इसको लेकर एआरटीओ को जानकारी दे दी गई है।
- एसके वर्मा, एआरएम, परिवहन निगम