बिलसंडा। राजकीय महाविद्यालय हेमपुर में छात्र-छात्राओं ने कॅरिअर को लेकर आने वाली परेशानियां एवं शिक्षा नीति से जुड़ी समस्याएं को लेकर चर्चा की। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने अपनी-अपनी परेशानियों को विस्तृत रूप से रखा। साथ ही रोजगार परक कोर्स को लेकर भी मांग उठाई गई।
बुधवार की दोपहर राजकीय महाविद्यालय में छात्रवृत्ति के फॉर्म भरने का कार्य किया जा रहा था। इसी दौरान छात्र एवं छात्राओं में कॅरिअर को लेकर चर्चा शुरू हो गई। विद्यार्थियों ने अपनी-अपनी समस्याओं को रखा। इसी बीच रसायन विज्ञान की छात्रा सुजाता ने नई शिक्षा नीति को लेकर बात छेड़ दी। उन्होंने बताया की नई शिक्षा के तहत बार-बार परीक्षाएं विद्यार्थियों के लिए परेशानी का सबब बनी हैं।
स्वाती ने कॅरिअर को लेकर कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा रोजगार परक कोर्स अगर महाविद्यालय में कराया जाए तो छात्र-छात्राओं का भविष्य संवर सकता है। रोजगार परक शिक्षा के तहत रेशम विभाग, मधुमक्खी पालन, कृषि, पोल्ट्री फार्म, मशरूम कोर्स आते हैं। महाविद्यालय इन कोर्सों को कराने की व्यवस्था करे तो छात्र-छात्राओं को कॅरिअर बनाने में सफलता प्राप्त हो सकती है।
इसी दौरान शिवानी ने कहा कि नई शिक्षा नीति में मिड टर्म परीक्षा पढ़ाई को काफी प्रभावित कर रही है। शालिनी ने कहा कि पढ़ाई के बीच बार-बार परीक्षा आने से तकनीकी शिक्षा से छात्र-छात्राएं दूरी बनाने लगे हैं। चर्चा में इतिहास, जंतु विज्ञान समेत कई पाठ्यक्रमों में पढ़ाई कर रहे छात्र एवं छात्राएं शामिल रहे।