पीलीभीत। जनपद के सभी निजी बेसिक स्कूलों को आरटीई पोर्टल पर पंजीकरण कराने के निर्देश दिए गए है। इसके बावजूद निजी स्कूलों ने इसमें रुचि नहीं ली है। अब शासन ने 17 अप्रैल तक स्कूलों को पंजीकरण करने का आखिरी मौका दिया है। बीएसए ने निर्धारित अवधि तक पंजीकरण न कराने वाले स्कूलों पर मान्यता रद्द की कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। बता दें कि अभी तक 527 स्कूलों का पंजीकरण होगा बाकी है।
शासन ने सभी मान्यता प्राप्त निजी बेसिक स्कूलों से जुड़ी सारी जानकारी स्कूल प्रबंधन को अनिवार्य रूप से निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए हैं। इसको लेकर गत वर्ष 15 दिसंबर को महानिदेशक स्कूल शिक्षा विजय किरन आनंद ने आदेश जारी किए थे। स्कूल संचालकों को विद्यालय से संबंधित सभी जानकारियां पोर्टल पर एनआईसी की ओर जोड़े गए मॉड्यूल में से एक स्कूल मॉड्यूल पर देनी थी, मगर निजी स्कूल संचालकों ने शासन के इस आदेश को तवज्जो ही नहीं दी। बेसिक शिक्षा विभाग के मुताबिक जनपद में 787 मान्यता प्राप्त निजी बेसिक स्कूल हैं। साढ़े तीन माह में अब मात्र 260 स्कूलों ने भी पोर्टल पर अपना पंजीकरण किया है। फिलहाल 527 स्कूलों का पंजीकरण होगा बाकी है। फिलहाल शासन ने पंजीकरण न करने वाले विद्यालयों को एक और मौका दिया है। जिला समेकित शिक्षा के जिला समन्वयक राकेश पटेल ने बताया कि शासन ने आरटीई पोर्टल को 17 तक के लिए पुन: खोल दिया है। जिन स्कूलों ने अपना पंजीकरण नहीं किया है, वह 17 अप्रैल तक पोर्टल पर पंजीकरण कर लें। निर्धारित समय पर पंजीकरण नहीं कराने की स्थिति में मान्यता रद्द करने की कार्रवाई की जाएगी।
शासन द्वारा मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों को आरटीई पोर्टल पर पंजीकरण करने के आदेश दिए थे, इसके बावजूद अधिकांश स्कूलों ने पंजीकरण नहीं किया। अब 17 अप्रैल तक पोर्टल को पुन: खोला गया है। निर्धारित अवधि तक पंजीकरण न करने वाले स्कूलों पर मान्यता रद्द की जाएगी।
- चंद्रकेश सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी