स्वास्थ्य विभाग में पिछले माह आयुष डॉक्टरों समेत अन्य संविदा पदों पर
भर्ती के लिए साक्षात्कार हुए थे। आरोप है कि भर्ती प्रक्रिया में मानकों
का ध्यान न रख नियुक्ति प्रक्रिया पूरी कर ली गई। नेशनल हेल्थ मिशन के
डीपीएम ने मिशन निदेशक को पत्र भेजकर मामले से अवगत कराया है। पत्र में
एमडी से मामले को सीबीआई के संज्ञान में भी लाने की बात कही है।
नेशनल
हेल्थ मिशन के तहत पिछले माह सीएमओ दफ्तर पर आठ जनवरी से अलग-अलग तिथियों
पर 10 आयुष चिकित्सक, 50 स्टाफ नर्स, 14 काउंसलर आदि पदों के लिए
साक्षात्कार हुए थे। चयन समिति में सिटी मजिस्ट्रेट, डीडीओ, सीएमओ समेत
अन्य चिकित्सक भी मौजूद थे। आरोप है कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान नियम व
मानकों को ताक पर रखकर साक्षात्कार लिए गए।
प्रक्रिया पूरी होने के बाद
चयन सूची न जारी कर नियुक्ति दे दी गई। जबकि चयन सूची जारी कर आवेदकों को
रजिस्टर्ड डाक से सूचना भेजकर निर्धारित समय के भीतर ज्वाइन करने के
निर्देश दिए जाते हैं। इस मामले में नेशनल हेल्थ मिशन के डीपीएम (जिला
कार्यक्रम प्रबंधक) सर्वेश शर्मा ने मिशन निदेशक अमित घोष को पत्र लिखकर
नियम विरुद्ध तरीके से नियुक्तियां करने का आरोप लगाया है। मामले को सीबीआई
के संज्ञान में भी लाने का अनुरोध किया गया है।
इसका नहीं रखा गया ध्यान
- चयन प्रक्रिया एनएचआरसी प्रतिनिधि की देखरेख में होनी चाहिए। लेकिन बिना उसके प्रतिनिधि के साक्षात्कार प्रक्रिया पूरी की गई।
- बगैर जिला कार्यक्रम प्रबंधक पूरी कर ली गई चयन प्रक्रिया।
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चयन
प्रक्रिया नियम विरुद्ध तरीके से की गई है। मिशन निदेशक के आदेशानुसार
एनएचआरसी प्रतिनिधि को नहीं बुलाया गया। मैंने मिशन निदेशक को पत्र लिखकर
मामला सीबीआई के संज्ञान में लाने का भी अनुरोध किया है।
- सर्वेश वर्मा, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, नेशनल हेल्थ मिशन