जिले की सभी ग्राम पंचायतों के सचिवों की एक साथ तैनाती में बदलाव करने के बाद डीएम ने ग्राम पंचायतों के सभी खातों के संचालन पर रोक लगा दी है। सचिवों की नई तैनाती के बाद ही खातों का संचालन शुरू होगा।
जिले के सभी 85 ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम विकास अधिकारियों की तैनाती में काफी गड़बड़ियां थीं। इन्हें गांवों का आवंटन एक समान नहीं किया गया था। कुछ को अधिक तो बाकी को कम ग्राम पंचायतें दी गई थीं। रविवार को डीएम ने लॉटरी सिस्टम से पर्ची निकाल सभी ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम विकास अधिकारियों की नए सिरे से तैनाती कर ब्लाक बदल दिए। भारी मन से सभी ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम विकास अधिकारियों ने इसे स्वीकार कर लिया लेकिन ग्राम पंचायतों में शुरू कराए गए कार्यों और अन्य लेनदेन निपटाने के लिए आनन फानन में चेक काटने की तैयारी शुरू कर दी। इसकी भनक लगते ही डीएम ने एलडीएम के माध्यम से सभी बैंकों को ग्राम पंचायत के सभी खातों के संचालन पर रोक लगाने के आदेश दे दिए। खातों पर रोक लगने से अब गांव से हटाए गए सचिव चैक काटकर खातों में पड़ी धनराशि को ठिकाने नहीं लगा सकेेंगे।
बीडीओ को चार्ज देकर पहली मार्च तक करें ज्वाइन
जिले के सभी ब्लाकों से बदले गए ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम विकास अधिकारियों को अब उनके स्थान पर आने वाले अधिकारी को चार्ज नहीं देना होगा। डीएम के आदेश के अनुसार सभी ग्राम पंचायत सचिव और ग्राम विकास अधिकारी अपना चार्ज बीडीओ को देकर पहली मार्च को नए ब्लाकों में पहुंचकर चार्ज ग्रहण करेंगे।
कोर्ट जाने की तैयारी में
एक साथ पूरे जिले के ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम विकास अधिकारियों की तैनाती में लॉटरी विधि से बदली किए जाने से उनमें हड़कंप मचा हुआ है। वे किसी तरह इसकी काट खोजने में जुटे हैं। कोई राजनेताओं की चरण वंदना करके पुरानी जगह ही रुकने की जुगत भिड़ा रहा है तो कुछ कोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए फोन से एक-दूसरे से एकजुट होकर रणनीति बनाने की कोशिश भी की जा रही है।