पूरनपुर। बदायूं के सैजनी में एचपीसील प्लांट में हुई हर्षित मिश्रा की हत्या मामले में मंगलवार को जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह और एसपी सुकीर्ति माधव ने हर्षित के घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। अफसरों ने तेजी से कार्रवाई होने की जानकारी हर्षित के परिजनों को दी। परिजनों ने शीघ्र न्याय दिलाने की मांग की।
बदायूं के सैजनी में एचसीपीएल प्लांट में 12 मार्च को उप महाप्रबंधक सुधीर गुप्ता और उप प्रबंधक नगर निवासी हर्षित मिश्रा की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना की गंभीरता को देखते हुए सीएम योगी ने 14 मार्च को जांच के लिए बरेली के कमिश्नर के नेतृत्व में एसआईटी के गठन का आदेश दिया था। इसके बाद तीन सदस्यीय टीम गठित कर कार्रवाई शुरू की गई। एसआईटी की जांच अंतिम चरण में है। बदायूं पुलिस घटना को लेकर थाने में आत्म समर्पण करने वाले मुख्य आरोपी अजय प्रताप सिंह, कंपनी के काम करने वाले धर्मेंद्र यादव, मुनेंद्र सिंह को घटना की साजिश के आरोप पर पहले ही कार्रवाई कर चुकी है।
बदायूं पुलिस ने अजय प्रताप के सगे भाई केशव और तहेरे भाई अभय प्रताप सिंह को भी घटना की साजिश में शामिल होना पाते हुए आरोपी बनाया है। दोनों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगी हैं। दोनों पर 25-25 हजार रुपये इनाम भी घोषित किया गया है। मंगलवार को डीएम ज्ञानेंद्र सिंह और एसपी सुकीर्ति माधव ने हर्षित मिश्रा के घर पहुंचकर परिजन को घटना में तेजी से हो रही कार्रवाई की जानकारी दी। हर्षित के परिजन ने शीघ्र न्याय दिलाने और तेजी से कार्रवाई कराने की मांग की। संवाद