डीएम ने परिषदीय स्कूलों में कराए गए औचक निरीक्षण के दौरान गैरहाजिर मिले 30 शिक्षक व नौ अनुदेशकों को बर्खास्त करने के आदेश दिए हैं। डीएम ने यह कार्रवाई सीडीओ की आख्या रिपोर्ट पर की है। इस बड़ी कार्रवाई से शिक्षा महकमे में हड़कंप मचा है।
डीएम शीतल वर्मा के निर्देश पर नौ मई को जिले भर के परिषदीय स्कूलों में औचक निरीक्षण विभिन्न अधिकारियों ने किया था। इस कार्रवाई में शिक्षा महकमे के अलावा अन्य विभागों के अधिकारी भी शामिल रहे। शाम तक जिले के करीब 71 परिषदीय स्कूलों में औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान कई शिक्षक शिक्षिकाएं व अनुदेशक गैरहाजिर मिले थे। निरीक्षण कार्रवाई के बाद अधिकारियों ने अपनी रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंप दी थी। इधर डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए बीएसए को गैरहाजिर पाए गए 30 शिक्षकों व नौ अनुदेशकों को बर्खास्त करने आदेश दे दिए। डीएम का यह आदेश जब बेसिक शिक्षा विभाग पहुंचा तो वहां हड़कंप मच गया। आदेश डीएम का था सो बीएसए भी सकते में आ गए। दो-तीन दिन तक तो वह तय ही नहीं कर सके कि वह डीएम के आदेश का क्रियान्वयन कैसे कराएं। विभागीय सूत्रों के मुताबिक पशोपेश में पड़े बीएसए ने शनिवार को शिक्षक नियमावली में सीधे बर्खास्तगी का विकल्प न होने की बात कहते हुए पत्रावली वापस डीएम कार्यालय भेजकर पुर्नविचार का आग्रह किया है।