पीलीभीत। सास के साथ बाजार जा रही महिला की चेन खींचने की घटना का एक माह बाद पुलिस ने खुलासा कर दिया। दोनों स्नैचरों के अलावा घटना में रेकी करने वाला तीसरा साथी भी पुलिस के हत्थे चढ़ गया। चेन स्नैचरों से लूटी गई चेन के अलावा एक कैमरा भी बरामद किया गया है। एसपी ने प्रेसवार्ता कर खुलासा करने वाली टीम की सराहना की। इसके बाद तीनों चेन स्नैचर जेल भेज दिए गए।
शहर में चेन स्नैचिंग की घटना 17 जून को सरेशाम हुई थी। मोहल्ला कुंवरगढ़ निवासी द्रोपदी देवी पत्नी संजय अपनी सास बुद्धो देवी संग बाजार जी रही थीं। तभी दो बाइक सवार झपट्टा मारकर उनके गले से सोने की चेन खींच ले गए थे। एसपी जयप्रकाश ने सीओ सिटी प्रवीण मलिक को घटना के खुलासे की जिम्मेदारी दी थी। इसके बाद से सीओ सिटी सुनगढ़ी इंस्पेक्टर अतर सिंह समेत टीम के साथ घटना की सुरागरसी में जुट गए। सीसीटीवी और सर्विलांस से जुटाए गए साक्ष्यों के बाद घटना में शातिर अपराधी मोहल्ला नखासा निवासी सनी उर्फ छोटू उर्फ मोनू पुत्र राकेश वाल्मीकि का नाम प्रकाश में आया। रविवार को पुलिस ने सनी, उसके दो साथी कांशीराम कॉलोनी ईदगाह निवासी शाहिद खान उर्फ पिंडाऊ और काला मंदिर निवासी नितिन राठौर को धर दबोचा। हिरासत में लेकर तीनों से पूछताछ की गई तो खुलासे तक पहुंचने में देर नहीं लगी। पुलिस ने लूटी गई सोने की चेन, एक अन्य स्थान से चुराया गया कैमरा, एक तमंचा, दो चाकू, दो बाइक बरामद कीं। सोमवार को केस का खुलासा करते हुए एसपी ने बताया कि आरोपी नितिन ने बाजार जाते समय पीड़िता की रेकी की थी, जबकि सनी और शाहिद बाइक से आकर चेन खींच ले गए थे। बरामद कैमरे के बारे में भी पड़ताल की जा रही है। घटना के खुलासे के मौके पर एएसपी डॉ. पवित्र मोहन त्रिपाठी भी मौजूद रहे।
हिरासत में लिए गए सुनार को छोड़ा
चेन स्नैचिंग के खुलासे से पूर्व रविवार को मोहल्ला आसफजान के एक सुनार को पुलिस ने हिरासत में लिया था। दिन भर चली पूछताछ के बाद देर शाम उसे छोड़ दिया गया था। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि सुनार को लेकर अभी जांच पड़ताल जारी है।