मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुनील कुमार सिंह ने पति, सास, ससुर व ननद पर कमलेश हत्याकांड की रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना करने के आदेश बीसलपुर कोतवाल को दिए हैं।
कस्बा बीसलपुर के पटेलनगर निवासी नत्थो देवी कश्यप ने कोर्ट में अर्जी देकर बताया कि बेटी कमलेश का विवाह छह मार्च 2011 को बरेली के मोहल्ला संजयनगर निवासी शिव नरायन के पुत्र तेजपाल के साथ हुआ था। विवाह के बाद पति, ससुर, सास नन्हीं देवी व ननद बेलादेवी दहेज में एक लाख रुपये की मांग को लेकर कमल ेश को प्रताड़ित करते थे। उसने ऋषभ नामक पुत्र को जन्म दिया था। 10 मई 2015 को पुत्री होने से ससुराल वाले और भी नाराज हो गए।
19 मई 2015 को खबर मिलने पर जब वह कमलेश की ससुराल पहुंची तो उसका चेहरा, दांत व होंठ नीले थे। वह मर चुकी थी। ससुराल वालों ने जबरन डरा धमका कर बिना पोस्टमार्टम कराए आनन फानन में अंतिम संस्कार कर दिया। उसके आठ दिन बाद नवजात पुत्री की भी हत्या कर दी। आरोप है कि पुलिस ने घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं की। सीजेएम सुनील कुमार सिंह ने बीसलपुर कोतवाल को घटना की रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना करने के आदेश दिए हैं।