गांन कुंदनपुर गौटिया निवासी राजेंद्र प्रताप ने बताया कि उन्होंने शनिवार की रात पशुशाला में मच्छरों को भगाने के लिए धुआं सुलगाया था। रात करीब दो बजे धुएं से उठी लपटों से पशुशाला में आग लग गई। पशुओं के चिल्लाने पर जब वह उठे तो उन्हें घटना की जानकारी हुई। शोरशराबा कर वह पत्नी गीता देवी के साथ पशुओं व उसमें रखा सामान निकालने का प्रयास करने लगे। इसी बीच आग की चपेट में आकर पति-पत्नी दोनों झुलस गईं। शोरशराबा पर आसपास के लोग जमा हो गए और बमुश्किल आग पर काबू पाया। इस अग्निकांड में पशुशाला में बंधी दो भैंस झुलस गईं। जबकि उसमें रखी साइकिल, तखत समेत हजारों रुपये का सामान जलकर राख हो गया।