पूरनपुर-शाहगढ़ के बीच रविवार की सुबह ट्रेन से टकराकर 50 वर्षीय महिला की मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार घायल महिला काफी देर तक तड़पती रही। न रेलवे प्रशासन और न ही पुलिस ने उसकी सुध ली। इलाज के अभाव में उसने दम तोड़ दिया। मौत के बाद पुलिस के सीमा विवाद में शव घंटों मौके पर पड़ा रहा। मृतक की शिनाख्त नहीं हो सकी।
घटना प्रसादपुर हाल्ट के पश्चिमी रेलवे फाटक के समीप की है। महिला मैलानी से पीलीभीत को जाने वाली पैसेंजर से टकराई। घायल महिला को उठाने जब कोई नहीं पहुंचा तो मौके पर एकत्र लोगों ने 108 एंबुलेंस को इसकी सूचना दी, लेकिन वह भी नहीं पहुंची। थोड़ी देर बाद महिला ने दम तोड़ दिया। महिला की मौत की सूचना पर माधोटांडा और कोतवाली पुलिस के कांस्टेबिल मौके पर पहुंचे, लेकिन दोनों ही घटना स्थल अपने-अपने क्षेत्र का न बता मौके से चुपचाप चले गए। शव दोपहर करीब दो बजे तक मौके पर ही पड़ा रहा। बाद में कोतवाली के दरोगा राजकुमार भारद्वाज ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा है। उन्होंने बताया कि पचास वर्षीय महिला का रंग सांवला, बाल खिचड़ी, बांया पैर घाव से सड़ा था। गुलाबी, प्याजी रंग की साड़ी, महरून कलर का ब्लाउज और लाल रंग का पेटीकोट पहने थी। उसके पैर में चप्पल आदि नहीं थी। उन्होंने बताया कि तमाम प्रयास के बाद भी शव की शिनाख्त नहीं हो सकी। विच्छेदन गृह पर शव को शिनाख्त के लिए रखवाया गया है। मौके पर कुछ लोग महिला को पहले भी क्षेत्र में घूमने और उसके मनोरोगी होने की जानकारी दे रहे थे।