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लूट के खुलासे का दावा, तीन गिरफ्तार

Sat, 11 Jul 2015 11:06 PM IST
Bisalpur
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कोतवाली पुलिस ने कथित मुठभेड़ के बाद शुक्रवार को शाम बरेली रोड पर देवहा नदी के पुल के पास एक बाइक पर सवार तीन लुटेरों को पकड़ने का दावा किया है। पुलिस का दावा है कि पिछले एक सप्ताह में एक प्रधान व दंपति समेत तीन लोगों से की गई लूट की घटना को इन्हीं युवकों ने अंजाम दिया था। एसपी ने पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
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थाना प्रभारी केपी सिंह ने बताया कि कोतवाली की एक पुलिस टीम शुक्रवार की शाम बरेली रोड पर देवहा नदी के पुल के पास वाहन चेकिंग कर रही थी। उसी दौरान बरेली की ओर से एक बाइक पर सवार हो जा रहे तीन युवकों को पुलिस पार्टी ने रुकने को कहा। आरोप है कि उनमें से एक युवक ने पुलिस पर तमंचे से फायर कर दिया। जिसमें पुलिस बाल-बाल बच गई। पुलिस पार्टी ने घेराबंदी करते हुए तीनों युवकों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार युवकों में कोतवाली क्षेत्र के गांव नवदिया सितारगंज निवासी रिंकू, विजेंद्र और रामगोपाल शामिल है। पुलिस ने रिंकू व रामगोपाल के कब्जे से एक-एक कब्जे से 315 बोर का तमंचा, कारतूस का एक खोखा और एक जिंदा कारतूस तथा विजेंद्र के कब्जे से एक चाकू बरामद करने का दावा किया है। पूछताछ के बाद पुलिस ने इन युवकों द्वारा छह जुलाई की शाम को बिचपुरी नहर के पास गांव शेरगंज निवासी रीतराम और उनके साथी ओमकार के साथ लूटमार कर रीतराम की बाइक, 10765 की नगदी और दो सेलफोन तथा नौ जुलाई को गांव श्यामपुर के पास गांव सिसैइया निवासी अवनीश कुमार और उनके परिवार की दो महिलाओं ममता, लक्ष्मी के साथ लूटपाट कर पांच हजार की नगदी और दोनों महिलाओं से जेवर समेत लगभग एक लाख की संपत्ति लूटने का दावा किया है। पुलिस इन युवकों की निशान देही पर रीतराम की लूटी गई बाइक और लूटे गए 10765 में से पांच हजार रुपये की नगदी तथा अवनीश से लूटे गए पांच हजार में सेे दो हजार की नगदी और उनके घरों की महिलाओं से लूटे गए जेवर में से दो जोड़ी पायलें भी बरामद करने का दावा किया है। पुलिस ने यह भी बताया कि गांव शेरगंज निवासी रीतराम ने कोतवाली आकर लुटेरों की पहचान कर ली है। एएसपी सुधीर कुमार सिंह और सीओ सुवेग सिंह सिद्धू ने गिरफ्तार किए गए बदमाशों से पूछताछ की। एसपी जितेंद्र कुमार शाही ने लुटेरों को पकड़ने वाली पुलिस टीम को पांच हजार रुपये का ईनाम देने की घोषणा की है।
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फर्जी मुठभेड़ दिखाने से पुलिस की भूमिका संदिग्ध
कोतवाली पुलिस ने वाहवाही लूटने और लुटेरों पर भादवि की धारा 307 लगाने के मकसद से मुठभेड़ होना दर्शा दिया है, जिससे पुलिस की भूमिका संदिग्ध हो गई है।
तीन लुटेरों ने नौ जुलाई को रात लगभग नौ बजे गांव श्यामपुर के पास गांव सिसैइया निवासी अवनीश, उनके घर की महिलाओं ममता और लक्ष्मी से लूटपाट की थी। पुलिस ने उसी रात गांव नवदिया सितारगंज में रहने वाले तीन युवकों को हिरासत में ले लिया था और शुक्रवार को शाम बरेली रोड पर देवहा नदी के पुल के पास इन्हीं युवकों से अपनी मुठभेड़ होना दर्शा दो लूटों का खुलासा कर दिया। खास बात यह है कि पुलिस जिस दो लूट के खुलासे का दावा कर रही है उस लूट की घटना में करीब एक लाख रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण भी लूटे गए थे। पर बरामद सिर्फ पायल ही दिखाई गई। यही नहीं लूटी गई पूरी रकम भी नहीं बरामद नहीं हुई है। इसके चलते पुलिस के खुलासे पर सवालिया निशान लग गया है।
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