पूरनपुर। नीलगाय का पीछा करते हुए जंगल से बाहर आए बाघ ने उसका शिकार कर लिया। सूचना पर पहुंची हरीपुर रेंज की टीम ने नीलगाय के अधखाए शव को दफना दिया। बाघ की क्षेत्र में चहलकदमी को लेकर आसपास के लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है। रेंज के दो कर्मचारियों को बाघ की निगरानी को तैनात किया गया है।
घटना बुधवार सुबह की है। हरीपुर रेंज जंगल से निकलकर बाघ कई दिनों से खेतों में चहल कदमी कर रहा है। बाघ की चहल कदमी को लेकर लोग दहशत में हैं। जंगल से नीलगाय का पीछा करते हुए बाघ बुधवार सुबह जंगल के बाहर करीब दो किलोमीटर दूर आ गया। बाघ ने नीलगाय पर हमला कर उसको अपना निवाला बना लिया। खेत में नीलगाय का अधखाया शव पड़ा देख लोगों ने इसकी सूचना वन कर्मियों को दी। सूचना पर हरीपुर रेंजर राजकुमार शर्मा टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने नीलगाय के शव को दफनवा दिया। रेंजर ने बताया कि नीलगाय के आसपास बाघ के पगचिह्न मिले। इसके अलावा इस क्षेत्र में बाघ की चहल कदमी पिछले कई दिनों से मिल रही है। आसपास के लोगों को बाघ की चहल कदमी को लेकर सतर्क किया गया है। दो कर्मचारियों को घटना स्थल के करीब बाघ की निगरानी और लो गों को सतर्क करने के लिए तैनात किया गया है। उधर, बाघ की चहल कदमी से क्षेत्र के लोग दहशत में है। किसान दिन में भी खेतों में जाने से कतराते हैं।