बांदा/चिल्ला। पुलिस की ‘शक्ति परी’ (पावर एंजिल) को भी दबंगों ने नहीं बख्शा। 11वीं की इस बहादुर छात्रा ने नदी में छलांग लगाकर खुद की जान बचाई। एसपी के हस्तक्षेप पर थाना पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आठ दिन बाद तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। एक आरोपी ने अदालत में सरेंडर कर दिया। पैलानी थाना क्षेत्र के सिंधनकलां गांव की 11वीं की छात्रा रोजाना कोचिंग जाती है। पिछले सोमवार को वह कोचिंग से घर जा रही थी। रास्ते में केन नदी नाव से पार करनी पड़ती है। नदी के पास बोलेरो सवार चार शोहदों ने उसे रोका और टोका। यह सब शराब के नशे में बताए गए हैं। छात्रा पर झपटे तो उसने भाग कर पानी में छलांग लगा दी और शोर मचा दिया। आसपास के लोग दौड़े तो शोहदे भाग गए। छात्रा ने घर जाकर मां को बताया। मां की सूचना पर आई यूपी-100 ने शोहदों को ही यह कहकर क्लीन चिट दे दी कि जिनका नाम लिया जा रहा है वह शराब नहीं पीते हैं। इस पर छात्रा और उसकी मां ने पुलिस अधीक्षक शालिनी से शिकायत की। एसपी ने क्षेत्राधिकारी दीक्षा सिंह और राजीव प्रताप सिंह को जांच के लिए भेजा। साथ ही पैलानी पुलिस को फटकार लगाई। इस पर आनन-फानन छात्रा की ओर से छेड़छाड़ और पास्को एक्ट की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। पैलानी थानाध्यक्ष राजीव सिंह ने बताया कि आरोपी छोटू उर्फ रुद्र प्रताप, मोहित उर्फ जाहिर और लल्लू को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह सभी सिंधन कलां के हैं। थानाध्यक्ष ने बताया कि एक अन्य आरोपी पंकज पुत्र भूरा ने अदालत में सरेंडर कर दिया। थानाध्यक्ष ने छात्रा के ‘शक्ति परी’ होने से अनभिज्ञता जताई।उधर, छात्रा ने बताया कि उसने अपने जीआईसी पैलानी के माध्यम से शक्ति परी के लिए आवेदन पत्र भेजा था। पिछले हफ्ते नारी सुरक्षा सप्ताह में बांदा आए पुलिस महानिदेशक सुलखान सिंह ने सेंटमैरी सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शक्ति परियों को सम्मानित किया था। उनका हौसला बढ़ाया था। छात्रा ने बताया कि इस कार्यक्रम में उसे भी बुलाया गया था और वह शामिल हुई थी। उधर, पैलानी जीआईसी के प्रधानाचार्य संजय उपाध्याय ने भी बताया कि स्कूल से 45 छात्राओं के आवेदन शक्ति परी के लिए भेजे गए थे। पुलिस महानिदेशक के गृह जनपद में शक्ति परी के साथ ही छेड़छाड़ होना गंभीर बात है। छात्रा का भाई आरएसएस का कार्यकर्ता बताया गया है।