बीसलपुर (पीलीभीत)।
तेज गति से बाइक चलाने की बात पर हुई कहासुनी के बाद रूरिया गांव में दो पक्षों के बीच विवाद हो गया। गाली गलौज से शुरू होकर मामला कुछ ही देर में संघर्ष में तब्दील हो गया। दोनों ओर से एकत्र लोगों में जमकर लाठी-डंडे चले। पथराव भी हुआ। इसमें सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने सख्ती से मामला शांत कराया। गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए पीएसी तैनात कर दी गई है।
रूरिया गांव निवासी यूसुफ शुक्रवार सुबह बाइक से जा रहा था कि गांव के नन्हेलाल कश्यप की पुत्री रागिनी बाइक से टकराने से बच गई। इसी बात को लेकर नन्हेलाल कश्यप ने यूसुफ को रोककर बाइक की गति कम रखने की बात कही। इस पर बाइक सवार ने अपने साथियों को फोन कर बुला लिया। इसके बाद दोनों के बीच गाली-गलौज होने लगी। कुछ ही देर में दोनों ओर से जमा हुए लोगों ने एक दूसरे पर हमला बोल दिया। लाठी, डंडे, बांके से हमला किया। एक दूसरे पर पथराव भी किया गया, जिसमें एक पक्ष से नन्हेलाल, उनकी पत्नी पिपासा देवी, रामऔतार और दूसरी ओर से यूनुस, शमसाद, सरफराज और मुन्नी बेगम घायल हो गए। विवाद की सूचना पुलिस को दी गई। इस पर सीओ प्रवीण कुमार, कोतवाल मनोज त्यागी पुलिस बल के साथ गांव पहुंच गए। हंगामा कर रहे लोगों को सख्ती से पुलिस ने खदेड़ दिया। गांव के लोगों से बातचीत कर मामले की जानकारी की गई। इसमें दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर मारपीट, लूट के आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। घायलों को सीएचसी भर्ती कराया गया। एएसपी रोहित मिश्रा भी गांव पहुंचे और राउंड लेकर हालात की जानकारी की। संभ्रांत लोगों से बातचीत कर भाईचारा बनाए रखने की अपील की गई। कोतवाल मनोज त्यागी ने बताया कि एहतियातन गांव में फोर्स की तैनाती की गई है, तनाव की स्थिति नहीं है। दोनों पक्षों से तहरीर मिलने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कोतवाल का कहना है कि लूट के लगाए जा रहे आरोप गलत है, मामला मारपीट का है।