पीलीभीत। कन्नौज के एक कथित सपा नेता द्वारा फेसबुक पर आपत्तिजनक पोस्ट किए जाने के विरोध में मुकदमा दर्ज कराने की मांग लेकर कोतवाली पहुंचे हिंदू जागरण मंच के पदाधिकारियों की जमकर फजीहत हुई। पहले तो मामले को लेकर पदाधिकारी भीड़ जुटाने में असफल रहे। फिर बाद में कोतवाल के सख्त तेवरों के साथ कानून बताने पर उनके पसीने छूट गए। मुकदमा वादी बनाए जाने के लिए एक नाम देने की बात कहते ही सभी ने बगले झांकना शुरू कर दिया। हिजामं नेताओं को बैकफुट पर आता देख पुलिस ने मामले में कानूनी कार्रवाई करने के बजाए पीली पर्ची देकर जांच में टाल दिया।
कन्नौज के एक सपा नेता की ओर से अपनी फेसबुक आईडी पर देवी-देवताओं को एक आपत्तिजनक पोस्ट अपलोड की गई थी। मामला संज्ञान में आने पर हिन्दू जागरण मंच के पदाधिकारियों ने विरोध शुरू कर दिया। इसका स्क्रीन शॉट और वीडियो लेकर वह शिकायत करने कोतवाली पहुंचे। पहले तो कार्यालय पर जमा होकर भीड़ जुटाने में असफल रहे। इसके बाद मात्र चार की संख्या में वह कोतवाली पहुंच गए। कोतवाल से मुलाकात कर साथ लाए गए वीडियो और स्क्रीन शॉट के साथ तहरीर दी। कोतवाल देशपाल सिंह पूरी जानकारी करने के बाद उनसे मुकदमा वादी बनाए जाने को लेकर एक व्यक्ति का नाम मांगा। इस पर कार्यकर्ता संगठन की ओर से मुकदमा दर्ज कराने की मांग पर अडिग हो गए। काफी समझाने के बाद न मानने पर कोतवाल ने सख्ती दिखाकर कानून बताया। इसे सुनने के बाद सभी एक दूसरे का चेहरा देखने लगे। यही नहीं एक नेताजी मामला ठंडा करने के लिए कोतवाल को अपना दुखड़ा भी सुना डाला। बोले, कोतवाल साहब हमें चाय नहीं पिलाते हैं। इस पर भी कोतवाल ने उनकी जमकर फजीहत की। इसके बाद तो धीरे-धीरे कोतवाली परिसर से खिसकना शुरू हो गए। यही कारण रहा कि हिजामं नेताओं को बैकफुट पर आता देख पुलिस ने भी पीली पर्ची देकर मामले को जांच में टाल दिया। कोतवाल देशपाल सिंह ने बताया कि हिजामं के कुछ लोग तहरीर लेकर आए थे। वह संगठन के नाम पर मुकदमा दर्जकरने की बात कह रहे थे। मामले में पीली पर्ची दी गई है, जांच कर कार्रवाई होगी।