पशु व्यापारियों से लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देने वाले बरेली जनपद के गिरोह का मंगलवार को पुलिस ने पर्दाफाश किया। गिरोह के तीन सदस्यों की गिरफ्तारी के बाद एसपी कलानिधि नैथानी ने घटना का खुलासा किया। धरपकड़ करने वाली टीम को पांच हजार रुपये इनाम दिया गया है।
बीसलपुर सर्किल क्षेत्र में पिछले कई महीनों से पशु बेचकर घर लौटने वाले व्यापारियों से बाइक सवार तीन बदमाश लूटपाट कर रहे थे। लुटेरों की धरपकड़ के लिए एसपी ने थाना पुलिस के साथ ही स्वाट और सर्विलांस टीम को लगाया। सुरागरसी के बाद पुलिस को घटनाओं के पीछे बरेली के गैंग पर शक हुआ। उसकी धरपकड़ के लिए प्रयास किए गए, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी थी। मंगलवार सुबह करीब दस बजे मुखबिर से मिली सूचना पर एसओ बिलसंडा सीपी शुक्ला, स्वाट टीम प्रभारी इंद्रजीत सिंह भदौरिया, सर्विलांस प्रभारी रेहान खां ने टीम के साथ बिलसंडा बाजार में दबिश दी। इसके बाद लूटपाट करने वाले तीन शातिर अपराधी भुता (बरेली) के गूंगा गांव निवासी रविंद्र पुत्र रामेश्वर दयाल, मीरगंज (बरेली) के करमपुर निवासी बाधुराम पुत्र भोलेराम और चिटकुना (बीसलपुर) निवासी गंगाराम पुत्र नत्थूलाल को धर दबोचा। इनके पास से एक बाइक, 4200 रुपये, दो तमंचे, चार कारतूस, एक चाकू और एक किलोग्राम चरस बरामद हुई। थाने लाकर पूछताछ करने पर आरोपियों ने बीसलपुर, बिलसंडा क्षेत्र में हुई पशु व्यापारियों से लूटपाट की बात कबूल की। पुलिस लाइन में खुलासा करते हुए एसपी ने मातहतों के गुडवर्क को सराहा। एसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि आरोपियों ने शाहजहांपुर, बदायूं और बरेली में भी घटनाएं करने की बात कबूल की है। आरोपी रविंद्र पर बरेली, शाहजहांपुर, पीलीभीत में कुल 11, बाधुराम पर आठ और गंगाराम पर तीन मुकदमे पहले से दर्ज हैं। यह गैंग बाजार में रेकी कर पशु व्यापारियों का पीछा करता था। फिर सुनसान में पहुंचते ही तमंचा-चाकू के बल पर लूटपाट की जाती थी।