पूरनपुर। धार्मिक स्थल में तैनाती को लेकर दो महंतों में तहसील परिसर में मारपीट हो गई, इसका वीडियो बनाकर किसी ने सोशल मीडिया पर डाल दिया। मामला संज्ञान में आने पर पुलिस ने दोनों संतों को हिरासत में ले लिया। इसके बाद दोनों पक्षों के लोग इकट्ठा होकर कोतवाली पहुंच गए और समझौते के प्रयास चलने लगे। इसी बीच गहमागहमी बढ़ने पर एक पक्ष के व्यक्ति ने आरएसएस के खंड प्रचारक से मारपीट कर दी। विरोध पर हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने एकत्र होकर कोतवाली गेट पर प्रदर्शन कर आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की।
क्षेत्र के एक गांव के धार्मिक स्थल पर महंत की तैनाती को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। गांव के कुछ लोग एक व्यक्ति को महंत बताते हैं, जबकि दूसरे पक्ष के अधिकतर लोग एक अन्य व्यक्ति को महंत बताते हैं। एक महंत की ओर से 16 फरवरी को कोतवाली में तहरीर दी गई थी, जिसमें दूसरे महंत और गांव के कुछ लोगों पर मंदिर की संपत्ति को लूटने का आरोप लगाया था। बृहस्पतिवार को दोनों महंतों का पुराने तहसील परिसर में आमना सामना हो गया। जिस पर दोनों में मारपीट शुरू हो गई। इसका वीडियो बनाकर किसी ने सोशल मीडिया पर डाल दिया। मामला संज्ञान में आने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों महंतों को हिरासत में ले लिया और कोतवाली ले आई। कोतवाली में दोनों पक्षों से लोग जमा हो गए और बातचीत चल रही थी। एक पक्ष की ओर से आरएसएस के खंड प्रचारक रविंद्र कुमार आए थे। कोतवाली में पुलिस के सामने ही दूसरे पक्ष के एक व्यक्ति ने उनसे मारपीट कर दी। इसके बाद उनके समर्थक एकत्र हो गए और हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने कोतवाली गेट पर विरोध प्रदर्शन किया। इंस्पेक्टर क्राइम हरीशंकर वर्मा ने कोतवाली में आरएसएस खंड प्रचारक से मारपीट किए जाने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि दोनों पक्ष कोतवाली में विवाद को लेकर वार्ता कर रहे थे। इस दौरान एक व्यक्ति ने कोतवाली में उसकी पिटाई कर दी। आरएसएस के खंड प्रचारक रविंद्र कुुमार ने तहरीर दी है। उनका मेडिकल परीक्षण कराया है।
मंदिर के मालिकाना हक को लेकर दो पक्षों में विवाद है। मामला कोर्ट में भी विचाराधीन है। बृहस्पतिवार को दोनों महंतों में मारपीट हुई थी। मामले को लेकर एक आरएसएस प्रचारक और अधिवक्ता में कोतवाली में विवाद हो गया था। आरएसएस प्रचारक से मारपीट की गई है। तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। - एसके सिंह, कोतवाल