माधोटांडा। कार में हूटर लगाकर खुद को एसपी की स्पेशल टास्क फोर्स बताने के बाद आम लोगों को लॉकडाउन का उल्लंघन करने के नाम पर परेशान करने वाले पूरनपुर के तीन युवकों को ग्रामीणों ने पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। जबकि एक पुलिस के हत्थे से निकल गया। पुलिस पूरे मामले की छानबीन में जुटी है। युवक नामचीन परिवारों से जुड़े हैं। इसके चलते इन्हें छुड़ाने के लिए सिफारिशों का दौर भी चलता रहा।
लॉकडाउन का सख्ती से पालन कराने के लिए पुलिस-प्रशासन शहर और ग्रामीण इलाकों में कड़ी निगरानी करा रहा है। पूरनपुर के व्यापारी परिवारों से जुड़े चार युवक आपस में दोस्त हैं। यह फर्जी पुलिस वाले बनकर लॉकडाउन में आम लोगों को परेशान करने निकल पड़े। चार पहिया वाहन में इन्होंने बाकायदा हूटर लगाया और ग्रामीण इलाकों में जाकर वाहन चेक करने शुरू कर दिए। ग्रामीणों के वाहन चेक कर कभी उन्हें सरेराह मुर्गा बनाकर सजा देते थे तो कभी छोड़ने के नाम पर उनसे रुपये भी ऐंठ लेते थे। पूछने पर यह खुद को एसपी की स्पेशल टास्क फोर्स की पुलिस बताते थे। युवकों की कार्यशैली पर नौरंगाबाद गांव के ग्रामीणों को संदेह हुआ तो उन्होंने माधोटांडा पुलिस से संपर्क साधा और इनके बारे में जानकारी की। इसमें यह बताया गया कि किसी तरह की स्पेशल टास्क फोर्स गांव में नहीं लगाई गई हेै। इसके बाद ग्रामीण फर्जी पुलिसवालों को पकडने के लिए एकजुट हो गए। बृहस्पतिवार शाम को जैसे ही चारों गांव पहुंचे तो उन्हें ग्रामीणों ने दबोच लिया। हालांकि इनमें से एक निकलकर भाग गया, जबकि तीन को गांव वालों ने पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। इंस्पेक्टर शहरोज अनवर ने बताया कि युवकों के परिवार वालों को बुलाया गया है। मामले की जांच चल रही है। अभी किसी पर रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई।