पीलीभीत। सिटी डाकघर की बेशकीमती जमीन पर अवैध कब्जा करने के मामले में जांच के दौरान अब एक और पहुंच वाले का नाम सामने आया है। इस प्रकरण में जहानाबाद चेयरमैन ममता गुप्ता के बेटे शिवा गुप्ता के साथ ही उनके पति दुर्गाचरण गुप्ता उर्फ अन्ना भी शामिल पाए गए हैं। घटना के दिन मौके पर मौजूदगी के साक्ष्य मिलने के बाद कोतवाली पुलिस ने चेयरमैन के पति अन्ना का नाम भी बतौर आरोपी एफआईआर में शामिल कर लिया है। हालांकि फरार आरोपियों पर शिकंजा कसने में पुलिस कामयाब नहीं हो सकी है।
कोतवाली क्षेत्र के बरेली गेट के पास स्थित सिटी डाकघर की करीब छह सौ वर्गगज जमीन पर रसूखदारों द्वारा अवैध कब्जा करने की कोशिश की गई थी। आरोपियों ने जेसीबी से चहारदीवार को ढहाने के बाद उस पर कब्जा कर लिया था। इस बीच 10 जुलाई को डाक विभाग के अधिकारियों ने डीएम-एसपी से शिकायत की, इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई की थी। जिले में पूर्व में तैनात रहे एक बड़े अफसर के भांजे बताए जाने वाले लखनऊ निवासी पारसमणि पांडे, जहानाबाद चेयरमैन ममता गुप्ता के बेटे शिवा गुप्ता समेत तेरह नामजद के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। इनमें से चार आरोपी पुलिस ने जेल भेज दिए थे, जबकि शिवा गुप्ता और पारसमणि जैसे नामजद रसूखदारों की धरपकड़ के नाम पर सिर्फ औपचारिकता निभाई जाती रही। इसमें पुलिस की मिलीभगत की ओर भी इशारा रहा। इसकी चर्चा अफसरों ने की, लेकिन उन पर शिकंजा कसने से पीछे हट गए। कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक श्रीकांत द्विवेदी ने बताया कि विवेचना के दौरान सामने आया है कि जहानाबाद चेयरमैन के पति दुर्गाचरण गुप्ता उर्फ अन्ना भी सिटी डाकघर की जमीन पर कब्जे के वक्त मौके पर मौजूद थे। उनकी इसमें संलिप्तता भी रही। इसके कुछ फोटो भी पुलिस को प्राप्त हो गए हैं। उसी के आधार पर आरोपी के तौर पर अन्ना का नाम भी शामिल कर दिया है।