बीसलपुर (पीलीभीत)। लकड़ी बीनने गए वृद्ध की कुल्हाड़ी से वार कर हत्या की गई थी। एक हाथ काटने के बाद कुछ दूरी पर दफन कर दिया गया था, जबकि शव को जलाने की भी कोशिश की गई थी। पुलिस ने भतीजे से मिली तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। अब पुलिस वृद्ध से जुड़े हर एक बिंदु का पता लगाने में जुटी है। फिलहाल 24 घंटे बीतने के बाद भी कोई ठोस क्लू नहीं मिल सका है।
दियोरियाकलां कोतवाली क्षेत्र के दियोहना गांव निवासी 72 वर्षीय शांतिदास पुत्र स्व.चेतराम अविवाहित थे। सरकारी योजना के तहत मिले आवास में अकेले रहते थे। बृहस्पतिवार दोपहर 12 बजे वह कुछ दूरी पर जंगल में चूल्हा जलाने को लकड़ी लेने गए थे। तीन घंटे बाद उनका क्षतविक्षत शव जंगल के भीतर मिला था। शव की पीठ का हिस्सा जला था। गर्दन पर कुल्हाड़ी के वार थे। एक हाथ काटकर कुछ दूरी पर दफन कर दिया गया था। शव का शुक्रवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया। भतीजे देवदत्त से मिली तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। रिश्तेदार किसी तरह की रंजिश से साफ इंकार कर रहे हैं।
उनका कहना है कि एक दशक से शांतिदास अकेले रहते थे। सिर्फ एक बीघा जमीन है, उसी में आवास बना है। ऐसे में अब नृशंस तरीके से की गई वृद्ध की हत्या का खुलासा करने के लिए वजह की तलाश में जुट गई है। वृद्ध शांतिदास किससे मिलते थे। उनका किस-किस से संबंध था। कहीं कोई विवाद तो नहीं चल रहा। इस तमाम बिंदुओं पर छानबीन के लिए टीम लगाई गई है। ग्रामीणों से भी पुलिस संपर्क करती रही। मगर अभी कुछ खास निकलकर नहीं आया है। इधर, घटना के बाद परिवार में चीख पुकार मची रही। हर कोई इस तरह से अंजाम दी गई वारदात को लेकर चर्चा करता रहा।
मृतक के भतीजे की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। सीओ बीसलपुर प्रवीण मलिक के नेतृत्व में टीम लगाई है। हर बिंदु पर पड़ताल करा रहे हैं। - अभिषेक दीक्षित, एसपी