भाकपा (माले) नेताओं पर हो रहे हमलों के विरोध में एक प्रतिनिधि मंडल ने एसपी को संबोधित ज्ञापन एएसपी को सौंपा। ज्ञापन में माले नेताओं पर हमला करने के आरोपियों की गिरफ्तारी कर घटना की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है।
भाकपा (माले) के जिला सचिव देवाशीष राय की अगुवाई में माले नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल सोमवार को पुलिस लाइन पहुंचा। उन्होंने एसपी को संबोधित ज्ञापन एएसपी को सौंपा। ज्ञापन में कहा गया है कि सपा शासनकाल में अपराधियों का मनोबल बढ़ता जा रहा है। चुनावी रंजिश के चलते पूर्व जिला पंचायत सदस्य रिजवाना बेगम और कई अन्य लोगों ने 14 अप्रैल को शेरपुरकलां निवासी माले नेता छुन्नू खां के घर में घुस कर उनकी और परिवार की महिलाओं से जमकर मारपीट और तोड़फोड़ की। बाद में उल्टे आरोपियों ने थाने पहुंचकर इन लोगों के खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज करा दी। पुलिस ने पीड़ित छुन्नू खां की ओर से भी रिजवाना बेगम, दानिश, छम्मन खां, फूल मियां आदि के खिलाफ रिपोर्ट तो दर्ज की, लेकिन आरोपियों की गिरफ्तारी से पुलिस कतरा रही है। इसके अलावा चुनावी रंजिश के चलते ही गजरौला थाना के गांव बिठौरा निवासी माले कार्यकर्ता श्रवण कुमार को गांव के ही रमेश आदि ने 20 मार्च की रात घर में घुसकर पीटा। आरोप है कि हलका दरोगा सत्यपाल सिंह ने रिपोर्ट दर्ज नहीं होने दी। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि छुन्नू खां के घर पर भाकपा माले का चुनावी कार्यालय बनाया गया था, इसी के चलते आरोपी रंजिश मान रहे थे। अब आरोपी रिपोर्ट वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। दोनों मामलों की निष्पक्ष जांच कराकर आरोपियों को जेल भेजने की मांग की गई। प्रतिनिधिमंडल में जिला सचिव देवाशीष राय, जिला कमेटी सदस्य एवं पूर्व जिपं सदस्य रमा गैरोला, अलाउद्दीन शास्त्री, देवीदयाल, छुन्नू खां, गोपाल मिश्र, श्रवण कुमार आदि शामिल रहे।