टाइगर रिजर्व में कंट्रोल वर्निंग का काम पूरा
फायर सीजन में जंगल को सुरक्षित रखने के लिए वन विभाग ने कंट्रोल वर्निंग का काम पूरा कर लिया है। इसके तहत चिह्नित क्षेत्र में आग लगाकर फायर लाइन बनाई गई है। वाचरों को भी नियुक्त किया गया है। गर्मी का सीजन शुरू होने के साथ जंगल में आग लगने का खतरा बढ़ जाता है। टाइगर रिजर्व के जंगल को आग से बचाने के लिए वन विभाग ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। टाइगर रिजर्व की पांचों रेंज की सभी 52 बीट में कंट्रोल वर्निंग (नियंत्रित फुकान) का काम पूरा कर लिया गया है। इसके तहत वन विभाग की कर्मचारियों ने सड़क, चकरोड एवं प्रमुख स्थानों के आसपास क्षेत्र चिह्नित कर आग लगाई गई। ऐसा करने से यदि जंगल में आग लगती है तो वे इस चिह्नित क्षेत्र से बाहर नहीं निकलेगी। इससे जंगल का बाकी हिस्सा सुरक्षित बच जाएगा। कंट्रोल वर्निंग के साथ टाइगर रिजर्व की 52 बीटों में वाचरों की संख्या 104 से बढ़ाकर 156 (प्रति बीट तीन) कर दी गई है।
पानी के टैंकर लगाए गए
टाइगर रिजर्व को आग से बचाने के लिए कंट्रोल वर्निंग और वाचरों की नियुक्ति के साथ पानी के टैंकर भी तैयार कराए गए हैं। जरूरत पड़ने पर इनका प्रयोग भी किया जा सकता है।
टाइगर रिजर्व को आग से अबचाने के लिए सभी व्यवस्थाएं पूर कर ली गई हैं। पेट्रोलिंग बढ़ाने के साथ एलर्ट भी जारी किया गया है। - कैलाश प्रकाश, डीएफओ, टाइगर रिजर्व