पीलीभीत। विनियमित क्षेत्र कार्यालय का औचक निरीक्षण करने के लिए डीएम पहुंचे तो अव्यवस्थाओं की पोल खुल गई। अफसर से लेकर कर्मचारी सभी गैरहाजिर थे। अलमारियों की चाबी भी जेई अपने साथ लेकर गायब थे। डीएम ने सिटी मजिस्ट्रेट समेत चार का एक दिन का वेतन काटा। गंदगी मिलने पर भी नाराजगी जताई।
डीएम पुलकित खरे शुक्रवार सुबह करीब साढ़े दस बजे कलक्ट्रेट परिसर स्थित सिटी मजिस्ट्रेट/विनियमित क्षेत्र कार्यालय का औचक निरीक्षण करने पहुंचे थे। सबसे पहले कर्मचारियों की मौजूदगी को चेक किया गया। इस दौरान सिटी मजिस्ट्रेट अरुण कुमार सिंह, पेशकार अमित सक्सेना, जेई बुद्धसेन, लिपिक बालकृष्ण गैरहाजिर मिले। डीएम ने अफसर-कर्मचारी दोनों के कार्यालय से नदारद होने पर खासा नाराजगी जताई। नो वर्क नो पे के आधार पर सभी का एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान विनियमित क्षेत्र कार्यालय के अभिलेख मांगे गए। इस पर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी ने बताया कि कार्यालय कक्ष और अलमारी की चाबियां जेई के पास रहती हैं। इस पर भी डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई और जेई से जवाब तलब किया है। अग्निशमन यंत्रों की वैधता तिथि समाप्त होने पर तत्काल नई रिफिल करवाने के निर्देश मौजूदा कर्मचारियों को दिए गए। परिसर के पीछे के भाग में काफी गंदगी मिली। इस पर भी डीएम ने मौजूद कर्मचारियों की फटकार लगाई। सफाई कराकर खाली जगह में फुलवारी और सुंदर पौधे रोपित करने को कहा। रेन वाटर हॉर्वेस्टिंग सिस्टम का भी सुधार कराने को निर्देशित किया गया। डीएम ने बताया कि सिटी मजिस्ट्रेट और उनके तीन अन्य कर्मचारी नदारद मिले थे। उनका एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दे दिए हैं। जेई से भी जवाब तलब किया गया है।