पीलीभीत/ गजरौला। तालाबों का अस्तित्व लौटाने के लिए डीएम के निर्देश पर शुरू किए गए अभियान में पांचों तहसीलों पर राजस्व और पुलिस की टीम ने पहुंचकर कार्रवाई की शुरूआत की। पाटे गए तालाब को खोदवाया गया। अभी इन स्थानों पर दो दिन तक काम चलेगा। फिर उसकी मनरेेगा से तार फेंसिंग कराई जाएगी। कब्जेदारों पर एफआईआर भी होगी।
जनपद में लंबे समय से तालाबों पर कब्जा चला आ रहा है। इसकी शिकायतें भी पहुंचती थी, मगर अधिकारी जांच के नाम पर दबा दिया करते थे। बीते दिनों डीएम पुलकित खरे ने इसका संज्ञान लिया। एसडीएम को टीम समेत लगाकर चिन्हीकरण कराया गया। इसमें 1230 तालाब पाए गए। इसमें अधिकांश पर कब्जा हो चुका है या फिर गंदगी से पट चुके हैं। यह तालाब अपना अस्तित्व खो चुके है। इन्हें पहले जैसा सुंदर बनाने के लिए डीएम ने एक दिन एक तालाब मुहिम चलाई है। बुधवार और शनिवार को इनको कब्जामुक्त कराया जाएगा। शनिवार को अभियान की शुरूआत करते हुए सदर तहसील क्षेत्र में तहसीलदार विवेक मिश्रा की अगुवाई में टीम गजरौला पहुंची। चयन किए गए तालाब को जेसीबी से खोदवाया गया। कई घंटे तक काम चलता रहा। यह भी जानकारी जुटाई गई कि यह गंदगी से पट गया था या फिर इसे किसी ने पाटा है। इसके अलावा पूरनपुर तहसील क्षेत्र के खंडापुर, बीसलपुर के रामनगर, अमरिया के हरहरपुर और कलीनगर में भी टीमें जेसीबी से खोदाई करवाने में जुटी रहीं। सीडीओ श्रीनिवास मिश्र ने बताया कि तालाबों का सौंदर्यीकरण कराने के लिए अभियान शुरू कराया गया है। इसमें मनरेगा से भी काम होगा।