पब्लिक ने 55 लाख की लागत से बनाया शामली नदी पर पुल
जनता की आवाज को शोर समझने वाले नेताओं व अधिकारियों के लिए शामली नदी पर कारसेवा करके बनाया गया पुल एक आइना है। नेताओं ने इस क्षेत्र लोगों की आवाज नहीं सुनी गई तो पब्लिक ने कारसेवा करके 55 लाख की लागत से शामली नदी पर पुल बना डाला। रविवार को क्षेत्र की संगत ने गुरू ग्रंथ साहिब की मौजूदगी में नगर कीर्तन निकालकर पुल का उद्घाटन किया। ग्राम उडऱा में यूपी और उत्तराखंड के बीच शामली नदी बहती है। बरसात के दिनों में नदी में पानी अधिक होने पर इधर का मार्ग बंद हो जाता था। इससे क्षेत्रवासियों को उत्तराखंड जाने के लिए लगभग 20 किलोमीटर लंबा सफर तय करना पड़ता था। इस मार्ग से मोहनपुर, फरीदपुर, जमघैन, कटमटा, कटमटी, पंडरा रामदास, मूसाकोनी, सददरपुर आदि दर्जनों गांव जुड़े है। क्षेत्रवासियों ने शामली नदी पर पुल निर्माण को लेकर कई बार जिला प्रशासन से मांग की। नेताओं से भी गुहार लगाई गई। मगर समस्या को अनसुना कर दिया गया। तब क्षेत्रीय संगत ने कारसेवा से पुल निर्माण कराने का फैसला लिया। इसके बाद करीब चार माह तक चली कारसेवा कर 55 लाख रुपये की लागत से नदी पर पुल का निर्माण कर लिया गया।
इधर, रविवार को बड़ी तादाद में संगत ने गुरू ग्रंथ साहिब की मौजूदगी में पुल पर नगर कीर्तन निकालकर पुल का उद्घाटन किया। इस मौके पर नानकमता कार सेवा के बाबा तरसेम सिंह जी, गुरूद्वारा बड़ापुरा के बाबा मोहन सिंह जी, जरनैल सिंह, परविंदर सिंह, बलजीत सिंह, अजीत सिंह, भोला सिंह, कुलदीप सिंह, सतनाम सिंह आदि मौजूद रहे।