पीलीभीत/बरखेड़ा। उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक के चुनाव को लेकर मतदान से चंद घंटे पहले एक प्रत्याशी के समर्थन में सपा नेता के बरात घर में भीड़ जुटाई गई। चेतावनी देने के बाद भी जब भीड़ नहीं हटी तो पुलिस ने पहुंचकर खदेड़ दिया। मामले में प्रत्याशी के भाई समेत 34 लोगों पर निषेधाज्ञा उल्लंघन की रिपोर्ट दर्ज की गई। इसके बाद भी कई बार दोनों प्रत्याशियों के समर्थकों में मामूली नोकझोंक होती रही।
सहकारी ग्राम विकास बैंक के चुनाव को लेकर पूरनपुर, बीसलपुर, जहानाबाद, अमरिया और पीलीभीत में पहले ही निर्विरोध जीत तय हो गई थी। बरखेड़ा के लिए दो प्रत्याशियों में मंगलवार को मतदान होना था। एक प्रत्याशी लाखनलाल वर्मा को सपा नेता समर्थन कर रहे हैं, जबकि दूसरे प्रत्याशी दीनानाथ के पक्ष में भाजपा नेता लगे हैं। मतदान से पूर्व तड़के दो बजे एक सपा नेता के बरात घर में लाखनलाल के समर्थन में भीड़ इकट्ठा कर ली गई। लॉकडाउन के बीच भीड़ इकट्ठा होने की शिकायत पुलिस से की गई। मौके पर पहुंची पुलिस प्रत्याशी के भाई कोटेदार शंभूदयाल को चेतावनी देकर लौट आई। मगर इसके बाद भी बरात घर से भीड़ हटाई नहीं गई। पांच घंटे बाद सुबह सात बजे दोबारा शिकायत आने पर इंस्पेक्टर कमल सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। बरात घर में कोरोना संक्रमण के नियमों को भी दरकिनार किया गया था। पुलिस ने सख्ती करते हुए भीड़ को खदेड़ दिया। पुलिस के सख्ती करने से भगदड़ मच गई। प्रत्याशी के भाई समेत दो लोगों को पुलिस पकड़कर थाने ले आई। हालांकि उन्हें मुचलके पर चेतावनी देकर छोड़ दिया गया। इस मामले में कार्रवाई के बाद मतदान सख्त सुरक्षा के बीच शुरू हुई। सीओ बीसलपुर लल्लन सिंह खुद मौजूद रहे। दोपहर मेें दोनों प्रत्याशियों के समर्थकों में कहासुनी हो गई। पुलिस ने एक ग्राम प्रधान को हिरासत में लिया, जिसे मतदान के बाद छोड़ा गया। सीओ बीसलपुर ने बताया कि बरात घर में भीड़ जुटाने पर 34 लोगों पर निषेधाज्ञा उल्लंघन की धारा 188 के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई हैॅ। सभी को नोटिस तामील कराए गए हैं।
ये किए गए नामजद
भूपराम, लालाराम, फूलचंद पुत्र गोविंदराम, पप्पू बख्श, श्यामलाल, नन्हेलाल, जयलाल, भानूप्रताप, हीरालाल, मेवाराम, छोटेलाल, ओमप्रकाश, होरीलाल, शंभूदयाल, डोरीलाल, नेमचंद, चिंतामणि, केदारनाथ, नन्हेलाल, नत्थूलाल, रामेश्वर दयाल पुत्र मूलचंद, रामपाल पुत्र लक्ष्मणप्रसाद, रामदुलारे, ओमप्रकाश, रामपाल पुत्र गंगाराम, रामपाल पुत्र टीकाराम, मुंशीलाल, झम्मनलाल, रामेश्वर दयाल पुत्र मोहनलाल, माखनलाल, गिरधारीलाल, हुलासीराम, होरीलाल, फूलचंद पुत्र चेतराम।