पीलीभीत। भाजपा के चार विधायकों समेत अन्य स्थानीय नेताओं ने रविवार को हुई प्रेस कांफ्रेस में बाहरी प्रत्याशी को लेकर बगावती तेवर दिखाए। कहा-लोकसभा चुनाव में स्थानीय व्यक्ति को ही प्रत्याशी बनाया जाए। इसके लिए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को पत्र भी जा गया है। कांंफ्रेंस में भाजपा नेताओं ने सांसद मेनका गांधी पर विकास न कराने के आरोप लगाए। हालांकि भाजपा यदि पुन: मेनका या वरुण को टिकट देती है तो क्या उन्हें चुनाव लड़ाएंगे, इस पर सिर्फ बहेडी विधायक छत्रपाल गंगवार ने मेनका का चुनाव लड़ाने की तो बात कही, किन बाकी विधायकों और स्थानीय नेताओं ने समर्थन की हामी नहीं भरी।
भाजपा लोकतांत्रिक पार्टी है। यहां सभी को अपनी बात कहने का हक है, लेकिन पार्टी फोरम पर। इस तरह प्रेस कांंफ्रेंस कर बात कहना पार्टी की मर्यादा के खिलाफ तो ही है, यह अनुशासनहीनता भी है। जहां तक इन लोगों द्वारा राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेजे गए पत्र का सवाल है तो उस पर जिला महामंत्री गुरभाग सिंह, संजीव प्रताप सिंह के हस्ताक्षर फर्जी किए गए हैं। दोनों प्रेस कांफ्रेस में मौजूद नहीं थे। उन्होंने पत्र पर अपने हस्ताक्षर होने से भी मना किया है। प्रेस कांफ्रेस में बसपा के कुछ लोग मौजूद थे। आखिर ये लोग यह सब करके क्या मेसेज देना चाहते हैं। इसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसकी रिपोर्ट पार्टी हाईकमान को भेजी जाएगी। - राकेश गुप्ता, जिलाध्यक्ष, भाजपा
सांसद मेनका गांधी का कहना है कि सिर्फ वे लोग इस तरह की बातें कर रहे हैं जो बसपा छोड़कर पार्टी में आए हैं। जहां तक विधायकों का सवाल है तो अभी दो दिन पहले ही इनमें से एक विधायक उनसे दिल्ली में मिलकर गए हैं। पीलीभीत मेरी कर्मभूमि है। मेरा पीलीभीत की जनता से क्या रिश्ता है, यह इन लोगों को बताने की जरूरत नहीं है। मेरी जवाबदेही भी जनता के प्रति है। बसपा के लोगों के साथ बैठकर पार्टी के कुछ लोग इस तरह की बातें करके आखिर क्या संदेश देना चाहते हैं, यह समझ से परे है।