पूरनपुर। सिरसा गांव में बुधवार देर शाम कच्ची शराब बरामद करने गई पुलिस कर्मियों पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया। घेराव करके उनकी पिटाई की और गिरफ्तार एक आरोपी को पुलिस से छुड़ा लिया। बचने के लिए पुलिसकर्मी अपनी बाइकें छोड़कर भाग खड़े हुए। हमले में चार पुलिस कर्मी घायल हुए। बाद में भारी संख्या में फोर्स गांव पहुंची और पुलिस कर्मियों ने घरों में तोड़फोड़ की। एक घर में आग लगने से गांव के लोग दहशत में आ गए। पुलिस ने आठ लोगों को नामजद कर अन्य पर सरकारी कार्य में बाधा डालने, पिटाई करने और शराब बनाने की रिपोर्ट दर्ज की है।
दरोगा संजीव कुमार के नेतृत्व में सिरसा पहुंची पुलिस टीम ने एक घर में महेश उर्फ दारा, पोथीराम और संतोष को शराब बनाते देख लिया। पुलिस को देखकर पोथीराम और संतोष मौके से भाग गए। पुलिस ने महेश को पकड़ लिया। इस दौरान शोर शराबा होने लगा तो ग्रामीण एकत्र हो गए। गांव वालों ने पुलिस टीम को चारों ओर से घेरकर धक्का मुक्की और पिटाई करनी शुरू कर दी। पुलिस की पिटाई करने वालों ने महेश को छुड़वा लिया। धक्का मुक्की और मारपीट में सिपाही नगेंद्र, अरुण, महेंद्र, रामविजय घायल हो गए। पिटाई से बचने के लिए पुलिस कर्मी अपनी बाइकों को छोड़कर गांव से भाग खड़े हुए और कोतवाली पहुंचकर घटना की जानकारी दी। इसके बाद कोतवाल एसके सिंह के नेतृत्व में भारी संख्या में पुलिस बल गांव पहुंचा। बड़ी संख्या में पुलिस कर्मियों को देखकर आरोपियों के परिवार गांव से भाग गए। पुलिस कर्मियों ने ग्रामीणों के घरों में तोड़फोड़ की। इसी दौरान एक आरोपी के घर में अचानक आग लग गई। पुलिस ने दरोगा संजीव कुमार की ओर से गांव के महेश उर्फ दारा, पोथीराम, संतोष, मिथुन, सुनील, कालीचरन, धर्मपाल, जैकी समेत कुछ अज्ञात पर शराब बनाने, सरकारी कार्य में बाधा डालने, पिटाई करने की रिपोर्ट दर्ज की है।
शराब पकड़ने गई पुलिस टीम से अभद्रता और धक्का मुक्की की गई। इसमें चार पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। बाद में पुलिस टीम को देखकर आरोपी ने खुद ही झोपड़ी में आग लगा ली। पुलिस ने तोड़फोड़ नहीं की। कुछ आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। शीघ्र ही उन्हें पकड़ा जाएगा। - एसके सिंह, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली