पीलीभीत। धान खरीद में कथित अनियमितताओं और किसानों से कटौती की शिकायतों को लेकर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को मंडी परिषद परिसर में हुई पंचायत में संगठन ने जिले की सभी राइस मिलों में धान के स्टॉक की जांच कराने और पांच सदस्यीय कमेटी गठित करने की मांग करते हुए शहर में मंडी सचिव प्रवीन अवस्थी एवं सिटी मजिस्ट्रेट पीएल मौर्या को ज्ञापन सौंपा। मांगें पूरी न होने पर संबंधित अधिकारियों का अनिश्चितकालीन घेराव करने की चेतावनी दी।
जिलाध्यक्ष गुरदीप सिंह गोगी ने कहा कि किसानों की उपज और मेहनत के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संगठन ने राइस मिलों में सरकारी और निजी धान के स्टॉक का ब्योरा स्पष्ट करने तथा सरकारी खरीद के तहत आवंटित धान की जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की।
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जिला मीडिया प्रभारी गुरजीत सिंह विर्क ने आरोप लगाया कि धर्मकांटे के नाम पर प्रति क्विंटल एक किलो धान की कटौती, सी-डी के नाम पर वसूली और नमी मापने में गड़बड़ी जैसी शिकायतों की जांच होनी चाहिए। उन्होंने जांच रिपोर्ट संगठन को उपलब्ध कराने की भी मांग की।
मंडल अध्यक्ष सतविंदर सिंह कहलों ने खरीद केंद्रों की व्यवस्था सुधारने पर जोर दिया। संगठन ने चेतावनी दी कि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो जिला अध्यक्ष के नेतृत्व में अनिश्चितकालीन घेराव किया जाएगा। ज्ञापन के दौरान प्रदेश सचिव वेदप्रकाश शर्मा, प्यारेलाल वर्मा, धर्मेंद्र सिंह चौहान समेत कई किसान नेता मौजूद रहे।