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अल सुबह फिर घंटाघर की सुनाई देगी आवाज

Sat, 21 Nov 2015 11:14 PM IST
पीलीभीत
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 शहर में जर्जर हो चुके घंटाघर के दिन बहुरने वाले हैं। नगरपालिका प्रशासन ने ठप पड़े घंटाघर को पुन: चालू कराने की कवायद शुरू कर दी है। ईओ ने घंटाघर में रखे गए सामान को हटवाने के साथ सफाई कार्य शुरू करा दिया है।
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शहर में ब्रिटिश काल के दौरान कई संपत्तियों का निर्माण कराया गया था। जिसमें एक घंटाघर भी शामिल था। बताते है कि इस घंटाघर की आवाज से ही शहरवासी उठते थे। करीब ढाई दशक पूर्व यह घंटाघर तकनीकी खराबी के चलते बंद हो गया। करीब नौ वर्ष इस घंटाघर की मरम्मत कराई गई, लेकिन कुछ मिनट चलने के बाद यह पुन: ठप हो गया। इधर अनदेखी के चलते घंटाघर में लगी तमाम मशीन भी चोरी हो गई और आसपास के दुकानदारों ने उसमें सामान रखना शुरू कर दिया था। ऐतिहासिक धरोहरों को नेस्तनाबूत होते देख शहरवासियों ने घंटाघर आदि की मरम्मत कराने की कई बार मांग उठाई। इधर नगरपालिका चेयरमैन प्रभात जायसवाल ने सालों से ठप पड़े घंटाघर को पुन: चालू करने का बीड़ा उठाया है।
 शनिवार को ईओ वीपी सिंह ने पुलिस के साथ पहुंचकर घंटाघर में अवैध तरीके से रखे गए सामान को हटवाकर साफ सफाई का कार्य शुरू कर दिया था। इधर पालिका प्रशासन ने घंटाघर से सटी एक दुकान के मालिक यामीन को तीन दिन के भीतर दुकान खाली करने के निर्देश दिए हैं। ईओ ने बताया कि भवन की सफाई करने के बाद इसकी रंगाई पुताई की जाएगी। चूंकि इसकी सीढ़ियां काफी संकरी है। इसलिए बांस की बल्लियां लगाकर ही रंगाई पुताई आदि का कार्य पूरा कराया जाएगा।
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चार लाख खर्च कर घूमेगी सुइयां
नगरपालिका चेयरमैन प्रभात जायसवाल ने बताया कि ठप हो चुके घंटाघर को पुन: चालू कराने को करीब चार लाख रुपये का स्टीमेट बनाया गया है। इसमें करीब 80 किलो का घंटा लगाया जाएगा, जो प्रत्येक घंटे पर आवाज देगा। इसको लेकर कार्य शुरू कर दिया गया है।
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