पीलीभीत। प्रमुख सचिव एवं आवश्यक वस्तु निगम के डायरेक्टर राम मनोहर सक्सेना ने बुधवार को सरकारी क्रयकेंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान केंद्रों पर तमाम खामियां पाईं गईं। इस पर उन्होंने स्टाफ को कार्यशैली सुधारने की चेतावनी दी। इसके अलावा गेहूं खरीद की समीक्षा में किसानों से मिलकर खरीद बढ़ाने और उत्तराखंड जा रहे गेहूं पर नजर रखने की भी हिदायत दी।
गेहूं खरीद का हाल जानने के लिए सुबह प्रमुख सचिव पीलीभीत पहुंचे। एक घंटे तक यहां रुके प्रमुख सचिव ने गेहूं खरीद की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि बाजार भाव अधिक होने के कारण गेहूं आढ़तों पर जा रहा है। ऐसे में अधिकारियों को इस बात की निगरानी करनी चाहिए कि अधिक दाम की आड़ में किसानों के साथ कोई नाइंसाफी तो नहीं हो रही है। उत्तराखंड जा रहे गेहूं पर भी नजर रखने की हिदायत दी। समीक्षा बैठक के बाद उन्होंने मंडी में ही लगे क्रय केन्द्रों का निरीक्षण किया। इसमें एक सेंटर पर कांटा-बांट और मेज पड़ी मिली, जबकि संबंधित अधिकारी एवं स्टाफ दूर पेड़ के नीचे बैठा दिखा। इस पर उन्होंने नाराजगी जताई और सुधार की चेतावनी दी। बाद में प्रमुख सचिव बरेली रवाना हो गए। समीक्षा बैठक में एसडीएम रामप्र्रकाश, मंडी सचिव नीलिमा गौतम, डिप्टी आरएमओ ईश्वर चन्द्र गुप्ता, सगीर अहमद, मलखान सिंह, बीएल वर्मा सहित कई अधिकारी कर्मचारी मौजूद थे।
खरीद शुरू न होने पर लगाई फटकार
क्रय केन्द्रों की समीक्षा में कई केन्द्रों पर गेहूं की खरीद बिल्कुल न होने पर डायरेक्टर ने नाराजगी व्यक्त की। संबंधित एजेंसी के प्रबंधक की फटकार लगाकर उन्होंने गांव में घूमकर किसी भी हालत में खरीद प्रारंभ कराने के निर्देश दिए।
दो-तीन बार कराएं नीलामी
गेहूं खरीद की समीक्षा करने पहुंचे प्रमुख सचिव ने कहा आढ़तों पर आवक होने के बाद केवल एक बार नीलामी होती है, जिससे किसानों को अपना गेहूं बेचने को मजबूर होना पड़ता है। साथ ही देर से आने वाले किसानों की बोली नहीं लग पाती। इसके लिए उन्होंने तीनों मंडियों क्रमश: पीलीभीत, पूरनपुर और बीसलपुर में दिन में दो-तीन बार नीलामी बोली कराने के निर्देश दिए।
बीज के नाम पर हो रही खरीद की होगी निगरानी
समीक्षा के दौरान प्रमुख सचिव को बताया गया कि कई बीज विधायन संयंत्र लगाने वाले व्यापारी बीज की आड़ में खरीद कर रहे हैं। अधिकांश गेहूं इन बीज उत्पादकों ने खरीद लिया है। इस पर उन्होंने बीज निर्माताओं द्वारा की जा रही गेहूं खरीद पर निगरानी करने के निर्देश दिए हैं।
मंडी में 84 हजार क्विंटल खरीद
बाजार भाव अधिक होने के कारण मंडी में आवक बढ़ रही है, जबकि सरकारी क्रय केंद्रों पर सन्नाटा है। पहली अप्रैल से चल रही खरीद में पीलीभीत मंडी में अब तक 84 हजार क्विंटल गेहूं खरीदा जा चुका है, जबकि जिले में खुले 107 क्रय केन्द्रों पर मात्र सात हजार क्विंटल गेहूं की खरीद जा सका है।
उत्तराखंड जा रहे तीन ट्रक पड़े, जुर्माना वसूला
पीलीभीत। मंडी निरीक्षकों ने निरीक्षण के दौरान गेहूं लेकर उत्तराखंड जा रहे तीन ट्रक पकड़ लिए। इसमें दो ट्रक आसाम चौकी के निकट पकड़े गए, जबकि एक ट्रक न्यूरिया से जाते समय मझोला के निकट पकड़ा गया। मंडी सचिव नीलिमा गौतम ने बताया तीनों ट्रकों से 22 हजार मंडी शुल्क और 50 हजार जुर्माना वसूला गया है।