बिलसंडा। गांव खजुरिया निभीराम स्थित ठाकुरद्वारा मंदिर के पुजारी को हटाने के लिए अब ग्रामीण लामबंद हो गए हैं। हफ्तेभर पहले ग्रामीणों ने सार्वजनिक बैठक कर पुजारी के खिलाफ मुहिम छेड़ी, जो अब तूल पकड़ती जा रही है। आज सैकड़ों की तादाद में ग्रामीणों ने हस्ताक्षर युक्त पत्र को मुख्यमंत्री को भेजा है, जिसमें पुजारी पर मंदिर की सही ढंग से देखरेख न करने और पंद्रह एकड़ उपजाऊ जमीन की आय का दुरुपयोग किए जाने का आरोप लगाया है।
महेंद्र कुमार की अगुवाई में भेजे गए पत्र में यह भी कहा गया है कि आज तक मंदिर की आय और व्यय का कोई विवरण ग्रामीणों के समक्ष नहीं रखा गया। इतना ही नहीं मंदिर में गृहस्थ धर्म का पालन हो रहा है मंदिर में पूरे साल मनाएं जाने वाले उत्सवों को भी सही ढंग से नहीं मनाया जा रहा है। आरोप है कि पुजारी के अलावा मंदिर परिसर में उनके रिश्तेदार भी रहते हैं। मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में नंदराम वर्मा, रामनाथ वर्मा, गुरुप्रसाद वर्मा, रामसरनलाल, रामरतन, पूरनलाल, कुंभकरण, गुलजारीलाल, गौतम कुमार, रामसरन, भीमसेन, तोलेराम समेत तमाम ग्रामीणों के हस्ताक्षर हैं। उधर मंदिर के पुजारी जैतराम ने गांव के कुछ लोगों द्वारा लगाए जा रहे आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। उन्होंने बताया कि उपजाऊ जमीन से होने वाली आय से ही मंदिर की देखरेख की व्यवस्था की जा रही है। समय-समय पर मंदिर की मरम्मत पुताई आदि भी कराई जाती है और त्यौहारों पर मंदिर की विशेष सजावट और पूजा व्यवस्था भी की जाती है।