पीलीभीत जिले के करीब 140 आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के पद रिक्त हैं। करीब 452 सहायिकाओं के पद भी खाली हैं। हालांकि सहायिकाओं की नियुक्ति की प्रक्रिया चल रही है। इसे जल्द ही पूरा करने का दावा भी किया जा रहा है। इसके बाद आंगनबाड़ी के रिक्त पदों पर भी भर्ती की बात कही जा रही है। अफसरों ने इसके लिए कवायद भी शुरू कर दी है।
गर्भवती, धात्री और नवजात शिशुओं की देखभाल व उनके उचित पोषण के लिए पोषाहार वितरण के लिए आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इन केंद्रों पर नैनिहालों की शिक्षा सहित पोषण आहार उपलब्ध कराया जा रहा है। जिले में 1960 आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन हो रहा है। इन आंगनबाड़ी केंद्रों पर 1820 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और 1479 सहायिकाओं की तैनाती है। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक, जिले में करीब 140 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और 481 सहायिकाओं के पद खाली हैं। इसको लेकर विभागीय स्तर से सहायिका पद के लिए आवेदन मांगे गए हैं।
इसमें 452 महिलाओं का चयन कर लिया गया है। इनके दस्तावेज जांचे जा रहे हैं। बाद में इनका प्रशिक्षण कराकर दायित्व दिया जाएगा। सहायिकाओं की भर्ती के बाद जिले में रिक्त आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की भर्ती की प्रक्रिया पूरी करने की बात कही जा रही है। इसको लेकर भी अफसरों की ओर से कवायद तेज कर दी गई है। जिला कार्यक्रम अधिकारी युगल किशोर सांगुड़ी ने बताया कि 452 सहायिकाओं की नियुक्त प्रक्रिया चल रही है। जल्द ही इन्हें कार्य सौंप दिया जाएगा।