पालिकाध्यक्ष बोली, आय बढ़ेगी तभी होगा शहर का विकास
नौगवां चौराहे से घन्नई ताल तक बनेगा डिवाइडर
पालिका अधिकारियों और कर्मचारियों की ली बैठक
पीलीभीत। नवनिर्वाचित पालिकाध्यक्ष विमला जायसवाल ने अपनी पहली बैठक में साफ-सफाई, पेयजल, टैक्स, प्रकाश, निर्माण आदि विभागों की समीक्षा की और शासन की मंशा के अनुरूप ही कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नई कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन और मानक पूरे होने के बाद ही उन्हें पालिका की सुविधाएं दी जाएं। उन्होंने अधिकारियों से नगर पालिका की आय बढ़ाने पर भी खासा जोर दिया। इसको लेकर शीघ्र ही एक बैठक करने का भी निर्णय लिया।
नगर पालिका परिषद स्थित कार्यालय में शनिवार को नवनिर्वाचित अध्यक्ष विमला जायसवाल ने बैठक में अधिकारियों और कर्मचारियों का परिचय लिया। इस दौरान उन्होंने विभागवार समीक्षा की। सफाई व्यवस्था की समीक्षा के दौरान उन्होंने शहर में सौ नए डस्टबिन स्थापित करने की बात कही। धार्मिक स्थलों और अन्य स्थानों पर होने वाले भंडारों में डस्टबिन का इस्तेमाल कराने पर जोर दिया। नाले नालियों की सफाई पंजी के स्थान पर फावड़े से करने के निर्देश दिए, ताकि जमा सिल्ट को भी निकाला जा सके। जलकल विभाग की समीक्षा के दौरान उन्होंने जेई सोमप्रकाश से पेयजल के संसाधनों के बारे में विस्तार से जानकारी ली। जेई ने दो वाटरपंप में खराबी होने की जानकारी दी। उन्होंने तत्काल दुुरुस्त कराने के निर्देश दिए। उन्होंने गंदे पानी की सप्लाई न करने और लीकेज पाइप लाइनों को तत्काल दुरुस्त कराने की बात कहते हुए कहा कि पेयजल व्यवस्था कतई बाधित नहीं होनी चाहिए। वॉटर टैंकों की भी सफाई करने के निर्देश दिए। कहा कि मोटर पंप में यदि तकनीकी खराबी आती है तो इसकी सूचना सबसे पहले उन्हें दें। लीकेज पाइप लाइनों की जानकारी को सफाई नायकों का सहयोग लें। शहरवासियों को किसी भी हाल में गंदे पानी की सप्लाई नहीं की जाएं। यदि शिकायत आती है तो इसका उत्तरदायित्व जेई का होगा। जेई दिनेश कुमार राजपूत से शहर में चल रहे निर्माण कार्य व अधूरे कार्यों के बारे में जानकारी हासिल की। उन्होंने ठेकेदारों से ली जाने वाली जमानत राशि दो प्रतिशत से बढ़ाकर दस प्रतिशत लेने और नए रजिस्ट्रेशन की फीस दस हजार के स्थान पर 25 हजार लेने के निर्देश दिए। उन्होंने शहर व पार्कों के सौंदर्यीकरण का भी मामला उठाया। कहा कि जर्जर सड़कों की मरम्मत के साथ पार्कों के सौंदर्यीकरण पर खासा ध्यान दें। जेई ने बताया कि अमृत योजना के तहत तीन पार्कों के सौंदर्यीकरण को आवंटित बजट से कुछ धनराशि रिलीज की गई है। ऐतिहासिक एकता सरोवर व रामस्वरूप पार्क के जीर्णोद्धार को स्टीमेट बनाकर देने के निर्देश दिए। निर्माणाधीन दूधिया मंदिर रोड का निर्माण भी जल्द शुरू कराने को कहा। उन्होंने शासन की मंशा के अनुरूप ही कार्य करने के निर्देश दिए। बैठक में पूर्व चेयरमैन प्रभात जायसवाल, ईओ सुरेंद्र प्रताप, लेखाधिकारी विनोद त्रिपाठी, जेई जलकल सोमप्रकाश, कर निरीक्षक शिव कुमार, संपत्ति अधिकारी संतोष कुमार, सफाई निरीक्षक अमित कुमार, प्रकाश चंद, प्रकाश प्रभारी प्रमोद कुमार समेत अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।
आय बढ़ानी है तो लेने होंगे कठोर निर्णय
नवनिर्वाचित अध्यक्ष ने टैक्स विभाग की भी समीक्षा की। उन्होंने कर निर्धारण अधिकारी नर सिंह राणा और निरीक्षक अफसर हसन खां से नई कॉलोनियों के बाबत जानकारी की। जिस पर उन्हें किसी भी नई कॉलोनी के रजिस्ट्रेशन न होने की जानकारी दी गई। इस पर पालिका अध्यक्ष ने कहा कि जब पालिका की आय बढ़ेगी तभी शहर का विकास होगा। कहा कि इन नई कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन होने व मानकों को पूरा करने के बाद ही सुविधाएं दी जाएं। तब तक उनसे कोई नया टैक्स भी न लिया जाए। उन्होंने वसूली लक्ष्य व वसूली के बारे में भी जानकारी की। उन्होंने पालिका के अभिलेखों में अंकित घरों की संख्या को बेहद कम बताते हुए सर्वे कर इसको दुरुस्त करने के निर्देश दिए। फिलहाल इसको लेकर वह असंतुष्ट दिखीं। कहा कि इसको लेकर जल्द ही एक बैठक की जाएगी।