चारा काट रहे युवकों ने बाघ का मचाया शोर
वनकर्मियों को खेत में बाघ नहीं, कुत्ते के मिले पगचिह्न
अमर उजाला ब्यूरो
घुंघचाई। माला रेंज जंगल से डेढ़ किलोमीटर दूर गांव बौठा के समीप चारा काटने गए युवकों ने बाघ देखने का दावा कर शोर मचाना शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंचे वनकर्मियों ने खेतों में बाघ के पगचिह्न तलाशे, लेकिन वनकर्मियों को बाघ नहीं कुत्ते के पगचिह्न मिले।
गांव बौठा निवासी बलविंदर सिंह ने बताया कि उसका 18 वर्षीय पुत्र इंद्रजीत सिंह और उसका कर्मचारी छिंदर सिंह शुक्रवार को सुबह करीब दस बजे खेत से चारा काटने गए थे। इंद्रजीत सिंह ने बताया कि दहाड़ लगाता हुआ बाघ समीप के गन्ना के खेत से बाहर निकल आया। बाघ देकर दोनों ने भाग कर अपनी जान बचाई। शोर-शराबा पर लोग एकत्र हुए। सूचना पर सामाजिक वानकी के दरोगा अर्जुन सिंह के नेतृत्व में सामाजिक वानिकी की टीम मौके पर पहुंचे। वनकर्मियों ने गन्ना के खेत के अंदर घुसकर बाघ की तलाश की। खेत में वनकर्मियों को बाघ नहीं कुत्ते के पदचिह्न मिले।