पीलीभीत। जिले की सभी तीन नगर पालिका परिषद और छह नगर पंचायत में अध्यक्ष पद का आरक्षण निर्धारित कर दिया गया है। इससे चेयरमैन की कुर्सी हथियाने को पिछले कई माह से जुटे कई संभावित प्रत्याशी जहां चुनाव से पहले ही बाहर हो गए हैं, वहीं कुछ के मंसूबों पर पानी फिर गया है, तो कुछ अब अपने स्थान पर अपनी पत्नी अथवा परिवार की किसी अन्य महिला को चुनाव मैदान में उतारने की तैयारी में जुट गए हैं। पीलीभीत नगर पालिका परिषद पहली बार महिला के लिए आरक्षित हुआ है।
जिले में पीलीभीत, बीसलपुर, पूरनपुर तीन नगर पालिकाएं और बरखेड़ा, कलीनगर, गुलड़िया भिंडारा, न्यूरिया, जहानाबाद व बिलसंडा छह नगर पंचायतें हैं। पिछले निकाय चुनाव में पीलीभीत, बीसलपुर व पूरनपुर तीनों के अध्यक्ष पद अनारक्षित थे। इस बार पूरनपुर नगर पालिका परिषद को छोड़ शेष दोनों नगर पालिकाओं के अध्यक्ष पद आरक्षित कर दिए गए हैं। पीलीभीत नगर पालिका का अध्यक्ष पद महिला के लिए तो बीसलपुर में इस बार पिछड़ी जाति का अध्यक्ष होगा। पिछली बार न्यूरिया, बरखेड़ा, बिलसंडा और जहानाबाद नगर पंचायत का अध्यक्ष पद अनारक्षित था जबकि गुलड़िया भिंडारा और कलीनगर पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित था। नये आरक्षण व्यवस्था के तहत गुलड़िया भिंडारा और कलीनगर का अध्यक्ष पद अनारक्षित रखा गया है। बरखेड़ा और न्यूरिया पिछड़ी जाति महिला के लिए तथा जहानाबाद व बिलसंडा पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित है।
पिछले छह माह से विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता समेत कई अन्य लोग निकाय चुनाव की तैयारी में जुटे थे। शहर-कसबे होर्डिंग से पट गए थे। इनमे से कई ऐसे संभावित प्रत्याशी भी हैं, जो आरक्षण के चलते अब चुनाव नहीं लड़ सकेंगे जबकि कुछ अपनी पत्नी को चुनाव मैदान में उतार सकते हैं। कई राजनेताओं ने आरक्षण तय होने के बाद से अध्यक्ष पद पर पार्टी प्रत्याशी तय करने की कवायद शुरू कर दी है। पूर्व मंत्री हाजी रियाज अहमद ने बताया कि पीलीभीत नगर पालिका परिषद के चुनाव में अध्यक्ष पद का प्रत्याशी तय करने के लिए शनिवार सायं लॉ कॉलेज में बैठक बुलाई गई है। इसमें अध्यक्ष पद के संभावित उम्मीदवार का चयन किया जाएगा।