केस-दो
विद्युत निगम ने काट दिया कनेक्शन
गांव चंधेड़ी निवासी किसान फेरू सिंह बताते हैं कि करीब 18 बीघे जमीन है। गन्ने का भुगतान न होने के कारण वह धरने पर बैठे हैं। हिंडन नदी में बाढ़ आने के कारण पूरे साल की मेहनत बर्बाद हो गई। सारी फसलें पानी में डूबकर सड़ गई। विद्युत निगम ने घर का कनेक्शन काट दिया। किसान क्रेडिट कार्ड की धनराशि कहां से जमा होगी, इसकी चिंता सता रही है।
केस-तीन
मां बीमार है, इलाज का संकट
गांव चंधेड़ी के किसान प्रवीण का कहना है कि सिर्फ पांच बीघा जमीन है। आवारा पशु भी फसलों को बर्बाद कर रहे है। बहुत छोटी जोत होने के कारण मजदूरी भी पल्लें नहीं पड़ती है। माता बीमार है। उसके इलाज के लिए भी रुपयों का इंतजाम करना मुश्किल हो रहा है। जो गन्ना मिल पर डाला था, उसका भुगतान नहीं मिला। बाढ़ से खेती बर्बाद हो गई।
केस-चार
मजदूरी भी नहीं निकली
अलीपुर अटेरना के किसान राजबीर तीन बीघा जमीन बोते हैं। वह बच्चों के साथ खेती करता है। फसल की लागत मिलना तो दूर की बात है, मजदूरी भी नहीं मिल पाती। आवारा पशुओं ने फसल को बर्बाद कर दिया है। बजाज चीनी मिल द्वारा भुगतान न देने के कारण परिवार पर संकट के बाद है।
बजाज चीनी मिल भैसाना पर किसानों का 162 करोड़ रुपये बकाया है। अभी तक चीनी मिल ने केवल 175 करोड़ रुपये का भुगतान किया है। चीनी मिल के अधिकारियों पर भुगतान के लिए दबाव बनाया जा रहा है। - संजय सिसौदिया, जिला गन्ना अधिकारी, मुजफ्फरनगर।