मुजफ्फरनगर। दो दिन से हो रही बारिश ने मौसम का मिजाज पूरी तरह से बदल दिया है। ऐसे में अगर इम्यून सिस्टम मजबूत है तो बीमारियों से बचा जा सकता है और अगर कमजोर है तो रोगों की चपेट में आने का खतरा पूरा है। ऐसे में महिलाओं को अपना ध्यान रखना चाहिए क्योंकि घर परिवार की जिम्मेदारियों के बीच खुद पर कम ध्यान और हार्मोनल उतार चढ़ाव के कारण इम्यूनिटी कमजोर होती है।
विशेषज्ञो के मुताबिक मौसम के इस बदलाव से सिरदर्द, जोड़ों का दर्द, आंखों में जलन, बुखार जैसी समस्याएं महिलाओं मे तो बढ़ी हैं ही साथ ही फंगल इंफेक्शन भी अपनी चपेट में ले रहा है। नमी के मौसम में यूटीआई यानी यूरिन इंफेक्शन तेजी से बढ़ता है। यह किडनी, ब्लेडर, और गभार्शय तक फैलता है। अत्यधिक नमी संक्रमण फैलने का सबसे बड़ा कारण है।
साफ-सफाई का रखें विशेष ध्यान
जिला चिकित्सालय की महिला रोग विशेषज्ञ शिखा ने बताया कि बारिश में लगातार भीगने से शरीर में नमी अधिक समय तक बनी रहती है। इससे बैक्टीरिया पनपते हैं जोकि यूरिनरी सिस्टम के लिए हानिकारक होता है। रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने पर यह तेजी से फैलता है। खानपान के साथ पर्याप्त पानी पीएं। सूती और ढीले कपड़ों का इस्तेमाल जरूर करें।
एसी को करें बंद
योगाचार्या व योगासन खिलाड़ी सीमा सिंह ने बताया कि बारिश से मौसम ठंडा हो चुका है। एसी को बंद करें। अत्यधिक नमी से बीमारियां ही बढ़ेगी। प्रकृति के साथ सामंजस्य बैठाएं। सुबह उठकर योग की सूक्ष्म क्रियाएं जरूर करें। इससे जोड़ों के दर्द से राहत मिलेगी और स्फूर्ति मिलेगी।
पाचकवर्द्धक मसालों का करें प्रयोग
जिला चिकित्सालय में कार्यरत आहार रोग विशेषज्ञ नेहा त्यागी ने बताया कि अदरक, काली मिर्च, हल्दी और लहसुन का प्रयोग जरूर करें। इनसे पाचन तंत्र और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। बासी और बाहर के खानपान का परहेज करें। खीरे और सलाद वाली सब्जियों का प्रयोग बंद कर दें क्योकि इनमें बैक्टीरिया पनपने का खतरा है।