- परीक्षा फार्म पर आरोपी ने लगाया था अपना फोटो, कई घंटे की गई पूछताछ
- पीईटी के दौरान डीएवी इंटर कॉलेज में बिजनौर निवासी सॉल्वर के पकड़े जाने का मामला
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। दूसरे के स्थान पर पीईटी की परीक्षा देने वाले साॅल्वर से पुलिस अधिकारियों ने की कई घंटे पूछताछ की। गिरफ्तार सतेंद्र और अभ्यर्थी मनोज का चेहरा मिलता जुलता है और इसी के चलते फार्म पर भी सतेंद्र ने अपना ही फोटो लगाया ताकी परीक्षा के समय कोई परेशानी न आए। मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपी का चालान कर दिया है।
29 अक्टूबर को जिले में पीईटी चल रही थी। इस दौरान शहर के डीएवी इंटर काॅलेज में परीक्षा दे रहे बिजनौर के गांव सद्दोबेर अहमताली निवासी सतेंद्र को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से फर्जी आधार कार्ड व प्रवेश पत्र बरामद हुआ था। अधिकारियों का कहना कि गिरफ्तार युवक बिजनौर के धामपुर की टीचर काॅलोनी निवासी मनोज के स्थान पर परीक्षा दे रहा था। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। पुलिस अधिकारियों ने उससे पूछताछ की थी।
अधिकारियों का कहना था कि मनोज कुमार प्रभाकर के साथ आरोपी सतेंद्र की दोस्ती थी और उसने उसके स्थान पर परीक्षा देने के लिए बीस हजार रुपये तय किए थे। मनोज ने परीक्षा फार्म भरते समय सतेंद्र के साथ तय कर लिया था कि परीक्षा देने के लिए सतेंद्र ही जाएगा क्योंकि दोनों के चेहरे मिलते जुलते थे। दोनों में दोस्ती भी थी। ऐसा किया भी गया। एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत ने बताया कि आधार कार्ड से सतेंद्र की आंखों की स्क्रीनिंग जांच में फर्जीवाड़ा खुल गया और सतेंद्र पुलिस के हत्थे चढ़ गया।
मूल अभ्यर्थी मनोज के स्थान पर सतेंद्र के परीक्षा देने के बारे में केंद्र व्यवस्थापक के पास लखनऊ से फोन आया तो इस बारे में जानकारी हो सकी। केंद्र व्यवस्थापक सुनील कुमार शर्मा ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस अधिकारियों ने आरोपी से यह भी जानकारी करने का प्रयास किया कि कहीं आरोपी के किसी परीक्षा सॉल्वर गिरोह से तो संबंध नहीं है। एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत ने बताया कि आरोपी का चालान कर दिया गया है।