इन पर है गबन का आरोप
एडीओ प्रमोद कुमार, बीडीओ नीटू कुमार, अमित कुमार, आकाश तोमर, विवेक कुमार, अंकित तोमर, जितेंद्र कुमार, विकास त्यागी,जय प्रकाश वर्मा, किरतपाल, प्रदीप कुमार, दीपक पुंडीर, रविंद्र कश्यप, योगेंद्र कुमार शामिल हैं।
मांगा था जवाब, तत्कालीन प्रधानों की भूमिका संदिग्ध
पिछले वर्ष चुनाव के बाद जिला पंचायत राज विभाग की ओर से जानकारी मांगी गई थी कि कहां-कहां विकास क्या कार्य हुए हैं। इसकी सूची दी जाए। साथ ही विकास कार्य के फोटोग्राफ और वीडियो भी उपलब्ध कराएं। गबन के मामले में कई पूर्व ग्राम प्रधानों की भूमिका भी संदिग्ध मिली थी।
गंगोह ब्लॉक के 98 ग्रामों में प्रशासकों द्वारा नियुक्ति के दौरान आठ करोड़ रुपये के गबन की शिकायत मिली थी। जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में इन पर आरोप सही पाए है और कार्रवाई की संस्तुति की है। इस संबंध में सभी 14 अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए मुख्य विकास अधिकारी को आदेशित किया है। - लोकेश एम. मंडलायुक्त
शिकायत के बाद कमेटी द्वारा की गई जांच में चुनाव से पूर्व नियुक्त प्रशासकों पर लगे आरोप सही पाए गए हैं। मंडलायुक्त ने इनके खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके तहत विभाग की ओर से सभी को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस भेजे गए हैं। - विजय कुमार, मुख्य विकास अधिकारी