श्री परमधाम न्यास सहयोगियों ने शहीद सूर्य सैन का बलिदान दिवस पर भावपूर्ण स्मरण किया। वक्ताओं ने क्रांतिकारियों का सम्मान करने का आह्वान किया। श्री परमधाम न्यास के सहयोगियों ने टाउनहाल में एकत्र होकर शहीद सूर्यसैन का बलिदान दिवस मनाया। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगान से की गई। सूर्यसैन के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्घांजलि दी गई।
इस दौरान गुरु चन्द्रमोहन के संदेश में राजपाल लोकपाल ने कहा कि क्रांतिकारी ही हमारे वास्तविक माता-पिता हैं। क्रांतिकारियों की उपेक्षा से परमात्मा हमारी कोई पूजा स्वीकार नहीं करेगा। क्रांतिकारियों ने स्वराज के लिए घोर संघर्ष किया। उन्होंने हिन्द की आजादी के लिए घोर यातनाएं सही, उन्हें बर्फ की सिल्ली पर जनवरी के महीने में लिटाकर कोड़े मारे गए और गंभीर यातनाएं दी गईं।
उन्होंने कहा कि क्रांतिकारियों ने हमें स्वराज दिलाने के लिए त्याग व बलिदान दिया तो हम हिन्दुस्तानी सुराज के लिए जागरूक हों और अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करें। कार्यक्रम में पूनम, नेहा, पंकज, नवीन, प्रवीन, दीपक, सुन्दर लाल, रतन सिंह, विनोद, पम्पन आदि मौजूद रहे।
उधर, सुभाष नगर में भी शहीद सूर्य सैन का 82वां बलिदान दिवस बनाया गया। भाजपा नेता सिमित सैन ने उनके जीवन पर प्रकाश डाला। उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्घांजलि दी गई। उनके जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान वक्ताओं ने किया। निमित सैन, हिमांशु सैन, विशाल, गणेश शर्मा, ओम कटारिया, मीनू, सनील, शुभम, विक्रांत, रणवीरी आदि मौजूद रहे।