संवाद न्यूज एजेंसी
खतौली। जैन धर्म के 14वें तीर्थंकर श्री अनंतनाथ भगवान और 18वें तीर्थंकर श्री अरहनाथ भगवान के मोक्ष कल्याणक के अवसर पर शांतिधारा और विधान किया गया।
पद्म प्रभु दिगंबर जिन मंदिर मोहल्ला कानून गोयान में आयोजित कार्यक्रम में अरुण जैन ने बताया कि इस तरह चौदहवें तीर्थंकर अनंतनाथ का जन्म ज्येष्ठ कृष्ण द्वादशी के दिन हुआ था। उन्होंने सभी ओर घूम-घूमकर धर्म उपदेश देकर जनकल्याण किया। चैत्र माह की अमावस्या को सम्मेद शिखर पर छह हजार 100 मुनियों के साथ उन्हें निर्वाण प्राप्त हुआ। कार्यक्रम का संयोजन अंजू जैन, संगीता जैन, अजय जैन नेगया।
रामकुमार, राकेश, मुकेश, सतीश, दीप्ति, मंजू, अंजू,शक्ति,कांता देवी माया देवी, प्रकाशो देवी, सुधा, प्रीति जैन, जयचंद, अजय प्रवक्ता, नीरज प्रवक्ता, रवि, ऋषभ, पवन, प्रभात, पंडित सुनील, संजय, मनोज,मुकेश, वर्षा, उषा, अंजू, मंजू, मीनू, सार्थक जैन, सुशील जैन, राजीव जैन आदि उपस्थित रहे।
बच्चों को किया सम्मानित
आचार्य भारत भूषण महाराज के आशीर्वाद से संचालित श्री निर्ग्रंथ जैन पाठशाला की ओर से संवाद प्रश्न मंच कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों ने पटाखे नहीं छुटाने का नियम लेकर महावीर भगवान के अहिंसा परमो धर्म का संदेश दिया। इन सभी बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।