सरकार ने निकाय चुनाव के लिए आरक्षण की अनंतिम सूची जारी कर दी है। मुजफ्फरनगर पालिका महिला और खतौली पिछड़ा वर्ग में शामिल की गई है। मीरापुर और पुरकाजी के आरक्षण में किसी तरह का बदलाव नहींं किया गया है। छह अप्रैल तक आरक्षण पर आपत्तियां दर्ज कराई जा सकेगी।
बृहस्पतिवार को आरक्षण जारी होते ही चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे संभावित प्रत्याशी सक्रिय हो गए हैं। समर्थकों के साथ गुणाभाग शुरू कर दिए गए। दिसंबर 2022 में जारी किए गए अनंतिम आरक्षण से तुलना करें तो इस बार आठ निकायों का आरक्षण बदल गया है। चरथावल नगर पंचायत को पहले महिला वर्ग में रखा गया था, जबकि इस बार अनारक्षित कर दिया गया है। सिसौली को महिला से पिछड़ा वर्ग महिला के लिए आरक्षित किया गया है। आरक्षण में बदलाव से चुनाव की तैयारी में जुटे दावेदारों को जोर का झटका लगा है।
मुजफ्फरनगर के आरक्षण में इस तरह हुआ बदलाव
निकाय पहले (2022) अब (2023)
मुजफ्फरनगर अनारक्षित महिला
खतौली अनारक्षित पिछड़ा वर्ग
चरथावल महिला अनारक्षित
सिसौली महिला पिछड़ा वर्ग महिला
भोकरहेड़ी अन्य पिछड़ा वर्ग एससी महिला
जानसठ अनारक्षित पिछड़ा वर्ग
बुढ़ाना अनारक्षित महिला
शाहपुर अनारक्षित पिछड़ा वर्ग
मीरापुर अनारक्षित अनारक्षित
पुरकाजी अनारक्षित अनारक्षित
भोकरहेड़ी में दावेदारों का लगा झटका
दिसंबर 2022 में भोकरहेड़ी को अन्य पिछड़ा वर्ग में आरक्षित किया गया था। दावेदारों ने चुनाव की तैयारियां शुरू कर दी थी, लेकिन इस बार अनुसूचित जाति महिला वर्ग में शामिल होने से चुनाव की तैयारी में लगे दावेदारों को झटका लगा है।
बुढ़ाना में महिलाओं का लेना पड़ेगा सहारा
नगर पंचायत बुढ़ाना को पिछली बार अनारक्षित रखा गया था, जबकि इस बार पिछड़ा वर्ग में आरक्षित कर दिया गया है। चुनाव की तैयारी में जुटे सामान्य वर्ग के प्रत्याशियों की तैयारी धरी रह गई है।
शाहपुर के आरक्षण में भी बदलाव
पहले अनारक्षित रखी गई शाहपुर नगर पंचायत को इस बार पिछड़ा वर्ग में शामिल किया गया है। यहां भी चुनाव की तैयारी में जुटे सामान्य वर्ग के दावेदारों को चुनाव से हटना पड़ सकता है।