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टेलर की हत्या में एक ही परिवार के पांच आरोपियों को उम्रकैद

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- शामली के चौसाना गांव में 22 मई 2007 की रात अंजाम दी गई थी वारदात
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- प्रेम-प्रसंग से नाराज किशोरी के परिजनों ने टेलर की फांसी लगाकर कर दी थी हत्या
अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। शामली जिले के चौसाना गांव में 15 साल पहले टेलर की हत्या के मामले में एक ही परिवार के पांच आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई। आरोपियों ने प्रेम-प्रसंग के चलते किशोर की फांसी लगाकर हत्या कर दी थी। अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) कोर्ट संख्या दो के न्यायाधीश छोटेलाल यादव ने फैसला सुनाया।
शामली के झिंझाना थाना क्षेत्र के चौसाना गांव में वारदात 22 मई 2007 की रात करीब नौ बजे अंजाम दी गई थी। गांव में ही सिलाई की दुकान चलाने वाले किशोर सदाकत अली की हत्या कर दी गई थी। मृतक के भाई कय्यूम अली ने गांव के ही प्रमोद पुत्र सत्यपाल, राजवीर पुत्र जगपाल, सतपाल पुत्र नकली, मान सिंह पुत्र प्रकाश और सोनू पुत्र बिरम के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने आरोपियों को जेल भेजकर अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। शासकीय अधिवक्ता राजीव शर्मा, सहायक शासकीय अधिवक्ता किरणपाल कश्यप और वादी के अधिवक्ता सतेंद्र सिंह ने बताया कि प्रकरण की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) कोर्ट संख्या दो के न्यायाधीश छोटेलाल यादव ने की। अभियुक्तों पर दोष सिद्ध हुआ। अदालत ने शुक्रवार को धारा 302 में उम्रकैद और प्रत्येक को 20-20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने पर दो-दो साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। धारा 147 में अभियुक्तों को दो साल के कारावास से दंडित किया गया है।
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प्रेमी की हत्या से पहले किशोरी ने खा लिया था जहर
किशोरी का अपने प्रेमी सदाकत अली की दर्जी की दुकान पर आना जाना था। प्रेम-प्रसंग की जानकारी परिजनों को हुई तो उन्होंने डांट फटकार लगाई। इसी वजह से प्रेमी की हत्या से पांच-छह दिन पहले किशोरी ने भी जहर का सेवन कर लिया था, लेकिन वह बच गई थी।
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शादी की जिद पर अड़ा था प्रेमी युगल
चौसाना गांव का यह प्रेमी युगल शादी की जिद पर अड़ा हुआ था। परिजनों ने समझाने का प्रयास किया, लेकिन दोनों ही नहीं माने। मृतक की शर्ट की आस्तीन से ही फांसी लगाई गई थी।
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