तीन योजनाओं केकिसानों के मुआवजा वितरण के चेक दो अक्टूबर को न बंटने से नाराज किसानों ने फिर से एमडीए में आंदोलन शुरू करने का एलान कर दिया है। कहा है कि दिवाली और दशहरा एमडीए में ही मनेगा। उन्होंने कहा कि विधायक सोमेन्द्र तोमर से किए वायदे को भी एमडीए अधिकारियों ने नहीं माना। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
गंगानगर, लोहियानगर तथा वेदव्यासुपरी किसानों को जमीन का अतिरिक्त प्रतिकर दिया जाना है। उसके बदले भूखंड दिए जाने हैं लेकिन जिन किसानों के भूखंड तीस मीटर से कम बन रहे हैं उन्हें पैसा दिया जाएगा। ऐसे ही किसानों को चेक देने के लिए तैयारी हो रही है। पहले 15 जुलाई, फिर 21 जुलाई को वायदे के बावजूद चेक न मिलने से किसान नाराज हैं। रही सही कसर अब पूरी हो गई। दो अक्टूबर को चेक देने को कहा गया था पर चेक नहीं बांटे। एमडीए अधिकारियों का कहना है कि किसान कब्जा नहीं दे रहे हैं। कहा कि लोहियनगर में एमडीए टीम कब्जा लेने गई थी पर किसानों ने विरोध कर दिया।
इस मसले पर बुधवार को गंगानगर में तीनों योजनाओं के किसानों की बैठक हुई। किसानों ने कहा कि बार बार वायदा किया जा रह है पर भुगतान नहीं हो रहा है। किसानों ने कहा कि एमडीए अधिकारियों ने किसानों से यह तक कहा है कि किसानों को मालामाल कर दें और एमडीए को कंगाल कर दें, ऐसा नहीं होगा। कहा कि कब्जा न होने की बात झूठी है क्योंकि सभी योजनाओं के अभियंताओं ने लिखकर दिया है कि योजना में फिलहाल जमीनों पर किसानों के कब्जे नहीं है। उन्होंने एलान किया कि जल्दी एमडीए में धरना शुरू कर दिया जाएगा। इस दौरान हरविंदर सिंह, राजपाल सिंह, मंगत सिंह, सुरेंद्र सिंह, धर्म सिंह, सतपाल, सेंसरपाल, नरेश, सत्यपाल सिंह, तथा काफी महिला किसान भी मौजूद रहीं।
वर्जन
एमडीए तो अपना काम कर रहा है पर किसान कब्जा नहीं दे रहे हैं। लोहियानगर का उदाहरण सबके सामने है। टीम का विरोध कर दिया गया। हम तो किसानों के साथ हैं, लेकिन शर्त के अनुसार किसान भी तो जमीन पर कब्जा दें।
-साहब सिंह, वीसी, एमडीए